पंजाबी युवक की कनाडा में अचानक मौत:इकलौता बेटा, परिवार ने ₹18 लाख कर्ज लेकर भेजा था; अब पार्थिव देह लाने के पैसे नहीं

पंजाब के बरनाला के युवक की अचानक कनाडा में मौत हो गई। 24 साल के युवक राजप्रीत को माता-पिता ने 18 लाख रुपए कर्ज लेकर विदेश भेजा था। वह माता-पिता का इकलौता बेटा था। मौत का पता चलते ही मां बेहोश हो गई और पिता भी फूट-फूटकर रो पड़े। युवक वहां परिवार को अच्छा भविष्य देने के लिए पढ़ाई के साथ जॉब भी कर रहा था। परिवार को अचानक एक कॉल आई कि युवक की मौत हो गई है। परिवार के पास अब इतने पैसे भी नहीं कि वह उसकी पार्थिव देह को गांव ला सके। बेहतर भविष्य का सपना अब उसके माता-पिता के लिए जिंदगी का सबसे बड़ा दर्द बन गया है। छोटा किसान परिवार, सिर्फ 3 एकड़ जमीन
महल कलां के रहने वाले मृतक राजप्रीत के पिता कुलवंत सिंह और माता बलजिंदर कौर ने बताया कि वे एक छोटे किसान परिवार से संबंध रखते हैं। परिवार के पास मात्र तीन एकड़ जमीन है, जिससे गुजारा मुश्किल से होता है। कुलवंत सिंह एक निजी स्कूल की बस चलाकर परिवार का पालन-पोषण करते थे। उधार-कर्ज लेकर भेजा था कनाडा
बेटे के उज्ज्वल भविष्य की उम्मीद में उन्होंने लोगों से उधार लेकर और कर्ज उठाकर करीब 18 लाख रुपए जुटाए। अप्रैल 2024 में IELTS एग्जाम दिलवाने के बाद राजप्रीत को स्टडी वीजा पर कनाडा भेजा गया। परिवार को उम्मीद थी कि बेटा पढ़ाई पूरी कर नौकरी करेगा और कर्ज उतारने में हाथ बंटाएगा। सरी शहर में रह रहा था राजप्रीत
परिजनों के अनुसार, राजप्रीत सिंह कनाडा के सरी शहर में रह रहा था। वह पढ़ाई के साथ-साथ काम भी कर रहा था और परिवार से नियमित बातचीत करता था। माता-पिता बताते हैं कि कुछ दिन पहले ही बेटे से फोन पर बात हुई थी और वह बिल्कुल ठीक था। एक फोन कॉल ने उजाड़ दी पूरी दुनिया
परिवार के अनुसार, 17 जनवरी को विदेश में रह रहे एक रिश्तेदार का फोन आया। कॉल सुनते ही उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। रिश्तेदार ने बताया कि राजप्रीत सिंह की मौत हो गई है। यह सुनते ही मां बलजिंदर कौर बेसुध होकर गिर पड़ीं और पिता कुलवंत सिंह फूट-फूटकर रोने लगे। अब तक राजप्रीत की मौत के कारणों को लेकर कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है, जिससे परिवार की बेचैनी और बढ़ गई है। कर्ज में डूबा परिवार, बेटे की देह लाने में भी असमर्थ
घनौर के रहने वाले मृतक के मामा हरजिंदर सिंह ने बताया कि परिवार पहले ही भारी कर्ज के बोझ तले दबा हुआ है। अब बेटे की अचानक मौत ने उन्हें पूरी तरह तोड़ दिया है। परिवार के पास इतने संसाधन नहीं हैं कि वे कनाडा से पार्थिव देह को पंजाब वापस ला सकें। मां-बाप का कहना है कि उन्होंने बेटे को बड़े अरमानों के साथ विदेश भेजा था, लेकिन अब उसकी अंतिम झलक तक नसीब नहीं हो पा रही। सरकार और जनप्रतिनिधियों से मदद की गुहार
बेबस परिवार ने मुख्यमंत्री भगवंत मान, सांसद गुरमीत सिंह मीत हेयर और क्षेत्र के विधायक कुलवंत सिंह पंडोरी से अपील की है कि राजप्रीत सिंह की पार्थिव देह को जल्द से जल्द विदेश से पंजाब लाने के लिए सरकारी सहायता प्रदान की जाए। परिवार का कहना है कि बेटे का अंतिम संस्कार अपने गांव में करना उनकी आखिरी इच्छा है, ताकि वे उसे अंतिम विदाई दे सकें।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *