पंजाब में स्वास्थ्य सेवाएं जल्द ही प्रभावित हो सकती हैं। फरीदकोट में आज पंजाब सिविल मेडिकल सर्विसेज एसोसिएशन (पीसीएमएसए) ने 20 जनवरी से अनिश्चितकालीन हड़ताल का ऐलान किया है। राज्य के करीब 2500 सरकारी डॉक्टर इस हड़ताल में शामिल होंगे। पीसीएमएसए के प्रांतीय उपाध्यक्ष डॉ. विश्वदीप गोयल और महासचिव डॉ. अर्श बराड़ के अनुसार, सरकार द्वारा बार-बार किए गए वादों के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। डॉक्टरों की प्रमुख मांगों में अस्पतालों में बेहतर सुरक्षा व्यवस्था, करियर में उन्नति के अवसर और रिक्त पदों पर भर्तियां शामिल हैं। पिछले साल सितंबर में भी इन्हीं मांगों को लेकर एक सप्ताह की हड़ताल हुई थी, जिसे मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप और लिखित आश्वासन के बाद समाप्त कर दिया गया था। हालांकि, चार महीने बीत जाने के बाद भी सरकार की ओर से कोई अधिसूचना जारी नहीं की गई। एसोसिएशन ने स्वास्थ्य विभाग द्वारा 304 मेडिकल अफसरों की भर्ती और नई उच्च शिक्षा नीति के प्रयासों की सराहना की है, लेकिन साथ ही सुरक्षा और डीएसीपी बहाली की अधिसूचना की मांग पर जोर दिया है। पीसीएमएसए 19 जनवरी को प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपनी आगामी रणनीति की घोषणा करेगा।


