नेशनल इंवेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने जम्मू की NIA स्पेशल कोर्ट में सोमवार को पहलगाम आतंकी हमले पर 1300 पेज की चार्जशीट दाखिल की। 22 जुलाई पहलगाम से 6 किमी दूर बायसरन घाटी में आतंकी हमले में 26 टूरिस्ट्स की मौत हुई थी। 16 लोग घायल हुए थे। लोगों को उनकी धार्मिक पहचान के आधार पर निशाना बनाया गया था। सूत्रों के मुताबिक जांच टीम ने हमले में शामिल आतंकियों के नाम भी उजागर किए हैं। इनमें एक पाकिस्तान में मौजूद साजिद जट्ट भी है, जो वहां LeT का ऑपरेशंस चीफ है। इसी ने पहलगाम अटैक की जिम्मेदारी अन्य 2 आतंकियों को सौंपी थी। जट्ट पहलगाम हमले का मुख्य हैंडलर भी माना जा रहा है। 28 जुलाई श्रीनगर के हरवान जंगल में सुरक्षाबलों ने ‘ऑपरेशन महादेव’ चलाया था। इसमें पहलगाम हमले के दोनों आतंकी मारे गए थे। उनमें मुख्य आरोपी हाशिम मूसा भी शामिल था।
23 जून: आतंकियों की मदद करने वाले 2 गिरफ्तार पहलगाम हमले के दो महीने बाद नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने पहलगाम के दो लोगों को गिरफ्तार किया था। NIA की जांच में खुलासा हुआ था कि इन दोनों ने हमले को अंजाम देने वाले तीन आतंकियों को पनाह दी थी। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम परवेज अहमद जोठार और बशीर अहमद जोठार थे। NIA के मुताबिक, परवेज और बशीर ने हमले से पहले इन तीनों आतंकियों को हिल पार्क स्थित एक अस्थायी ढोक (झोपड़ी) में जानबूझकर ठहराया था। उन्होंने उन्हें खाना और अन्य सुविधाएं मुहैया कराई थीं। 28 जुलाई: पहलगाम हमले के मास्टरमाइंड समेत 3 आतंकी ढेर जम्मू-कश्मीर में श्रीनगर के दाचीगाम नेशनल पार्क के पास हरवान इलाके में सोमवार को सुरक्षाबलों के साथ मुठभेड़ में 3 पाकिस्तानी आतंकियों को मार गिराया था। इनमें पहलगाम हमले का मुख्य आरोपी हाशिम मूसा भी शामिल था। सेना ने यह कार्रवाई ऑपरेशन महादेव के तहत की थी। बाकी दो आतंकियों की पहचान जिबरान और हमजा अफगानी के तौर पर हुई थी। जिबरान 2024 के सोनमर्ग सुरंग प्रोजेक्ट पर हुए हमले में शामिल था। आतंकियों के पास से अमेरिकी M4 कार्बाइन, AK-47, 17 राइफल और ग्रेनेड मिले थे। पूरी खबर पढ़ें… पहलगाम हमले के खिलाफ भारत का ऑपरेशन सिंदूर भारत ने पहलगाम हमले का बदला लेते हुए 6-7 मई की रात 1:05 बजे पाकिस्तान और PoK में एयर स्ट्राइक की। इसे ऑपरेशन सिंदूर नाम दिया गया। भारत ने 24 मिसाइलें दागीं थीं। इसमें 9 आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया, जिसमें 100 से ज्यादा आतंकी मारे गए। हमले में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद चीफ मौलाना मसूद अजहर की फैमिली के 10 सदस्य और 4 सहयोगी मारे गए थे।


