पहल:फार्मा, रियल एस्टेट और आईटी क्षेत्र के प्रतिनिधियों ने की सीएम से मुलाकात

साय ने कहा – पहली बार सेमीकंडक्टर, डाटा सेंटर और एआई आधारित उद्योग के प्रस्ताव छत्तीसगढ़ में पहली बार सेमीकंडक्टर, डाटा सेंटर और एआई आधारित उद्योगों की स्थापना के प्रस्ताव मिले हैं। यह प्रदेश के औद्योगिक विकास में एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगा। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने रविवार को फार्मा, रियल एस्टेट और आईटी क्षेत्र के प्रतिनिधियों से मुलाकात के दौरान यह बातें कहीं।
सीएम साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ औद्योगिक विकास और नव उद्यमिता के लिए अपार संभावनाओं से भरा राज्य है। यह राज्य वन, खनिज और ऊर्जा संसाधनों से समृद्ध है और बिजली उत्पादन में सरप्लस राज्यों में शामिल है। इसके चलते यहां उद्योगों की स्थापना के लिए अनुकूल वातावरण है। सरकार निवेशकों और नव उद्यमियों को हरसंभव सहयोग प्रदान कर रही है, ताकि प्रदेश में आर्थिक विकास और रोजगार के नए अवसरों को प्रोत्साहित किया जा सके। इस अवसर पर प्रमुख रूप से मैनकाइंड फार्मा से गौरव चौहान, एम्बेसी रीट के सीईओ विकास खडोलिया, यूअरस्टोरी की संस्थापक श्रद्धा शर्मा और मायट्री स्कूल ऑफ एंटरप्रेन्योरशिप के फाउंडर रोहित कश्यप शामिल थे। नई नीति 2024-30 से उद्योग लगाना होगा आसान
साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में नई औद्योगिक विकास नीति 2024-30 लागू की गई है, जिससे निवेशकों के लिए उद्योग स्थापित करना पहले से अधिक सरल और सुविधाजनक हो गया है। इसके तहत ऑनलाइन आवेदन और त्वरित प्रोसेसिंग की व्यवस्था की गई है। इसके अतिरिक्त, ‘सिंगल विंडो 2.0’ प्रणाली लागू की गई है, जिससे सभी आवश्यक स्वीकृतियां आसानी से मिल रही हैं। नए औद्योगिक पार्क से निवेश को मिलेगा बढ़ावा
साय ने कहा कि राज्य सरकार नए औद्योगिक पार्कों की स्थापना कर रही है, जिससे उद्योगपतियों को आवश्यक बुनियादी ढांचा और संसाधन उपलब्ध होंगे। इससे नव उद्यमियों को भी सशक्त वातावरण मिलेगा, जिससे वे अपनी व्यावसायिक यात्रा को मजबूती से आगे बढ़ा सकें। इस पहल से न केवल औद्योगिक इकाइयों की संख्या बढ़ेगी, बल्कि प्रदेश में रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। औद्योगिक निवेशकों को दी जाएगी हर संभव मदद
साय ने प्रतिनिधियों को आश्वस्त किया कि छत्तीसगढ़ सरकार उद्यमियों को हरसंभव सहायता प्रदान करेगी। औद्योगिक नीति स्पष्ट, पारदर्शी और निवेशक-अनुकूल हैं, जिससे देश-विदेश के उद्योगपतियों को व्यापार स्थापित करने आवश्यक सुविधाएं दी जा रही हैं। सरकार उनके व्यापार को सफल बनाने में हरसंभव सहयोग देगी। नई औद्योगिक पहल राज्य को नवाचार के नए दौर में ले जाने प्रतिबद्ध हैं। अब तक मिल चुके हैं 1.23 लाख करोड़ के निवेश के प्रस्ताव
साय ने बताया कि नई औद्योगिक नीति लागू होने के बाद अब तक छत्तीसगढ़ को 1.23 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हो चुके हैं। प्रदेश में एआई, आईटी, डाटा सेंटर, फार्मास्युटिकल, रियल एस्टेट और रोबोटिक्स जैसे सेक्टरों को विशेष प्रोत्साहन दिया गया है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *