पूर्व कर्मचारी ने पेट्रोल पंप पर नकली नोट चलाए:झाबुआ के रानापुर में पुलिस ने केस दर्ज; सीसीटीवी फुटेज में दिखा आरोपी

झाबुआ के रानापुर में एक पेट्रोल पंप पर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। यहां कष्टभंजन एसार पेट्रोल पंप के पूर्व कर्मचारी ने ही संस्थान को नकली नोट थमा दिए। पंप संचालक अजय पवन गाहरी की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। यह घटना 20 जनवरी की है। पंप संचालक अजय गाहरी अपने सहयोगियों विजय गाहरी, संजय चौधरी और हिमांशु बंदवार के साथ दिनभर के कलेक्शन का हिसाब कर रहे थे। नोटों की गिनती के दौरान उन्हें 100-100 रुपए के पांच नोट संदिग्ध लगे। इस सीरीज के नोट नकली मिले जांच करने पर पता चला कि इनमें से दो नोटों के सीरियल नंबर एक जैसे थे, जिससे नकली होने की पुष्टि हुई। इन नकली नोटों के सीरियल नंबर 6TT621004, 6TT621004, 6TT621358, 6TT621008 और 6TT621347 हैं। कैमरे में दिखा नोटों को लेन देने पंप पर कार्यरत कर्मचारी अमरसिंह वास्कले से पूछताछ में सामने आया कि शाम करीब 8:30 बजे पंप का पूर्व कर्मचारी नंदकिशोर पिता शंकर नायक (निवासी ग्राम छायनसेमलखेडी) वहां आया था। नंदकिशोर ने अमरसिंह को वही पांच नकली नोट दिए और बदले में 500 रुपए का एक असली नोट लेकर चला गया। यह पूरी घटना पेट्रोल पंप पर लगे सीसीटीवी कैमरों में भी कैद हो गई, जिसमें नंदकिशोर नोटों का लेनदेन करता साफ दिखाई दे रहा है। नहीं आया लौटकर संचालक अजय गाहरी ने जब नंदकिशोर को फोन कर इस बारे में पूछा, तो उसने फोन पर ही नकली नोट चलाने की बात स्वीकार कर ली। नंदकिशोर ने बहाना बनाया कि वह बाहर है और लौटकर पूरी बात बताएगा। हालांकि, कई दिन बीत जाने के बाद भी जब वह वापस नहीं आया, तो संचालक ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। आरोपी की तलाश में दे रहे दबिश मामले की गंभीरता को देखते हुए झाबुआ के एडिशनल एसपी प्रतिपाल सिंह महोबिया ने बताया कि आरोपी नंदकिशोर नायक के विरुद्ध नामजद प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। फिलहाल आरोपी फरार है और पुलिस उसकी तलाश में दबिश दे रही है। पुलिस ने आरोपी को जल्द ही हिरासत में लेने का दावा किया है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *