सिंगरौली जिला मुख्यालय बैढ़न में किसान कांग्रेस के धरना प्रदर्शन के दौरान पूर्व मंत्री और कांग्रेस वर्किंग कमेटी के सदस्य कमलेश्वर पटेल ने प्रशासन पर हमला बोला। उन्होंने सिंगरौली कलेक्टर गौरव बैनल पर उपेक्षा का आरोप लगाते हुए कहा कि कलेक्टर न तो उनका फोन उठाते हैं और न ही जनता की समस्याओं से जुड़े संदेशों का कोई जवाब देते हैं। प्रशासन को निष्पक्ष रहने की चेतावनी कमलेश्वर पटेल ने दो टूक शब्दों में कहा कि कलेक्टर को किसी राजनीतिक दल के एजेंट के रूप में काम नहीं करना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर प्रशासन का रवैया पक्षपातपूर्ण रहा, तो कांग्रेस न केवल सिंगरौली की सड़कों पर उतरेगी, बल्कि भोपाल जाकर मुख्यमंत्री और संबंधित अधिकारियों से कलेक्टर की शिकायत भी करेगी। किसानों और रोजगार के मुद्दे पर घेरा धरना प्रदर्शन के दौरान पटेल ने केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों की जमकर आलोचना की। उन्होंने कहा कि पूरे मध्य प्रदेश में किसान बदहाल हैं और सरकारी खरीदी बंद होने से उनकी मुश्किलें बढ़ गई हैं। इसके अलावा उन्होंने मनरेगा में भ्रष्टाचार और ग्राम पंचायतों के सहायक सचिवों को समय पर वेतन न मिलने का मुद्दा भी उठाया। पटेल ने कहा कि यदि हालात नहीं सुधरे, तो कांग्रेस प्रदेश स्तर पर बड़ा आंदोलन शुरू करेगी। कलेक्टर ने आरोपों को नकारा सिंगरौली कलेक्टर गौरव बैनल ने कहा कि “ऐसा कुछ नहीं है।” उन्होंने स्पष्ट किया कि वे सभी के फोन उठाते हैं, लेकिन व्यस्तता के कारण कभी फोन न उठ पाया हो तो यह अलग बात है। उन्होंने कहा कि उनकी पहली प्राथमिकता जिले का विकास है। इस विरोध प्रदर्शन में कांग्रेस के शहर और ग्रामीण अध्यक्षों समेत बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए।


