बूंदी के बांसी में आयोजित अंबिका माता के धार्मिक कार्यक्रम में राजस्थान के पूर्व कृषि मंत्री प्रभु लाल सैनी, महामंडलेश्वर सचिदानंद महाराज और पूर्व प्रधान पदम नागर ने श्रद्धालुओं को भोजन परोसा। इस दौरान नुक्ति, सब्जी और पूड़ी वितरित की गईं।
जनप्रतिनिधियों द्वारा स्वयं भोजन परोसने की इस पहल को श्रद्धालुओं ने सराहा। यह आयोजन बांसी स्थित श्री अंबिका माता मंदिर परिसर में नवदिवसीय नवकुंडात्मक महायज्ञ के समापन अवसर पर किया गया था। इस अवसर पर अंबिका माता की प्रतिमा की पुनः प्राण प्रतिष्ठा, शिव परिवार की स्थापना और भैरव जी की प्रतिमा की प्राण प्रतिष्ठा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न हुई। महायज्ञ के दौरान मंदिर के शिखर पर स्वर्ण कलश चढ़ाया गया, जिसके यजमान छितरलाल कुशवाहा थे। बालाजी मंदिर पर कलश स्थापना देवलाल सैनी द्वारा की गई, जबकि मंदिर पर महाध्वज हरिनारायण कुशवाहा ने चढ़ाया। नवदिवसीय महायज्ञ के मुख्य यजमान सरपंच सत्यप्रकाश शर्मा थे।
यह आयोजन बांसी, भडेडा एवं रामगंज के सकल पंचों के सामूहिक सहयोग से संपन्न हुआ। इस दौरान माता मंदिर और हनुमान मंदिर के शिखर पर भी स्वर्ण कलश स्थापित किए गए। समापन अवसर पर मुख्य अतिथि मंत्री प्रभु लाल सैनी ने मंदिर परिसर में टीन शेड निर्माण कार्य के लिए दस लाख रुपये की घोषणा की। ग्रामीणों ने कार्यक्रम में मौजूद अतिथियों का सम्मान किया। कार्यक्रम के दौरान मंच से संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री सैनी ने कहा कि भजन लाल सरकार द्वारा किए गए कार्यों को जनता के सामने प्रस्तुत करने की आवश्यकता है। उन्होंने भाजपा के जनप्रतिनिधियों से अपने कार्यों को जनता तक पहुंचाने का आग्रह किया और बताया कि सरकार गरीब एवं कमजोर वर्ग की सहायता के लिए सदैव तत्पर रहती है।


