भास्कर न्यूज | जशपुरनगर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रविवार को जशपुर जिले के ग्राम पमशाला कंवरधाम तपकरा में आयोजित ‘सरगुजा संभागीय पेंशनर सम्मेलन’ में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस गरिमामयी समारोह में संभाग के विभिन्न जिलों से लगभग एक हजार पेंशनरों ने भाग लिया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर बुजुर्गों के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त करते हुए उन्हें राज्य की प्रगति का असली सूत्रधार बताया। सम्मेलन में 80 वर्ष से अधिक आयु के पेंशनरों को शॉल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया। पेंशनर संघ के सदस्यों ने मुख्यमंत्री का भव्य स्वागत करते हुए उन्हें विशाल ‘गजमाला’ पहनाई। मुख्यमंत्री ने कहा कि पेंशनर संघ के प्रांताध्यक्ष द्वारा यह बताया गया कि किसी पेंशनर सम्मेलन में पहली बार कोई मुख्यमंत्री शामिल हुआ है। यह उनके लिए गर्व और सौभाग्य की बात है। उन्होंने यह भी कहा कि आप सभी ने अविभाजित मध्यप्रदेश के दौर से लेकर छत्तीसगढ़ राज्य निर्माण और उसके बाद के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में पेंशनरों के संघर्षपूर्ण सेवाकाल को याद करते हुए कहा कि आप लोगों ने उस दौर में प्रशासनिक व्यवस्था की नींव मजबूत की जब न आवागमन के पर्याप्त साधन थे और न ही सूचना तंत्र इतना विकसित था। उन सुविधाविहीन परिस्थितियों में भी आपने निष्ठापूर्वक अपने दायित्व का निर्वहन किया। आपकी मेहनत का ही परिणाम है कि आज प्रशासनिक व्यवस्था सुचारू रूप से चल रही है। उन्होंने कहा कि शासन में कोई भी नया निर्णय लेने से पहले पूर्व के अनुभवों को देखा जाता है, इसलिए पेंशनरों का अनुभव आने वाली पीढ़ियों और सरकार के लिए हमेशा मार्गदर्शक रहेगा।


