धनबाद के चिरकुंडा नगर परिषद कार्यालय के मुख्यद्वार पर पेयजल पर लगाए गए जुर्माने के विरोध में अनिश्चितकालीन धरना शुरू हो गया है। चिरकुंडा नगर परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष के नेतृत्व में दर्जनों महिला-पुरुष राष्ट्रीय ध्वज लेकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने नगर परिषद के किसी भी कर्मी को कार्यालय में प्रवेश नहीं करने दिया। धरना पर बैठे लोगों का कहना है कि वे पेयजल के उपभोक्ता बनने को तैयार हैं। उनकी मांग है कि विभाग कैंप लगाकर उन्हें वैध कनेक्शन दे। सभी लोग स्वेच्छा से कनेक्शन लेने और उसका नियमित भुगतान करने के लिए तैयार हैं। निवर्तमान उपाध्यक्ष जयप्रकाश सिंह ने आरोप लगाया कि विभाग एजेंट की तरह काम कर रहा है। उन्होंने बताया कि लोगों पर मनमाने ढंग से चार से पांच हजार रुपए का जुर्माना लगाया जा रहा है, जिसका सभी लोग विरोध कर रहे हैं। जयप्रकाश सिंह ने कहा कि यह अनिश्चितकालीन आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक इस समस्या का समाधान नहीं हो जाता। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘हर घर नल जल योजना’ का जिक्र करते हुए कहा कि एक ओर यह योजना चल रही है, वहीं दूसरी ओर कार्यपालक पदाधिकारी झारखंड सरकार के इशारे पर गरीबों पर अत्याचार कर रहे हैं। गौरतलब है कि चिरकुंडा नगर परिषद क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति के लिए पाइप बिछाए गए हैं। हालांकि, सैकड़ों उपभोक्ता ऐसे हैं जिन्होंने अवैध कनेक्शन के लिए पानी के पाइप तोड़कर पानी लिया है। इसके कारण कई घरों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है, जबकि उन घरों में प्रतिमाह बिल पहुंच रहा है।


