सहकारिता विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और पैक्स व्यवस्थापकों के संगठनों के बीच सोमवार को हुई वार्ता के बाद पैक्स व्यवस्थापकों ने अपना आन्दोलन स्थगित कर दिया है। यह वार्ता सहकारिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम कुमार दक के निर्देश पर नेहरू सहकार भवन में हुई, जिसमें विभिन्न मांगों पर सहमति बनी। वार्ता के दौरान संघर्ष समिति की कई प्रमुख मांगों पर सकारात्मक कार्यवाही का निर्णय लिया गया। इनमें कैडर ऑथोरिटी का गठन, नियमितिकरण (स्क्रीनिंग), बैंकिंग सहायक भर्ती और बैंक ऋण पर्यवेक्षक (एल.एस.) पद पर चयन से संबंधित मांगें शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, सहकारी पैक्स कर्मियों की अन्य मांगों पर भी परीक्षण कर सकारात्मक कार्यवाही करने पर सहमति बनी। मांगों पर सहमति बनने के बाद पैक्स कर्मियों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए सभी कार्यों को सुचारू रूप से और अधिक उत्साह के साथ करने का निर्णय लिया। सहकारिता मंत्री गौतम कुमार दक ने आन्दोलन स्थगित होने पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि इससे ‘सहकार सदस्यता अभियान’ के कामकाज में तेजी आएगी। मंत्री ने यह भी दोहराया कि राज्य सरकार पैक्स व्यवस्थापकों की उचित मांगों के समाधान के लिए हमेशा संवेदनशील और तत्पर है। प्रमुख शासन सचिव एवं रजिस्ट्रार, सहकारी समितियां मंजू राजपाल की उपस्थिति में समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। संघर्ष समिति के प्रतिनिधियों ने ‘सहकार सदस्यता अभियान’ को सफल बनाने के लिए सभी पैक्स कर्मियों द्वारा पूरे मनोयोग से कार्य करने का आश्वासन दिया। वार्ता में अतिरिक्त रजिस्ट्रार (द्वितीय) संदीप खण्डेलवाल, अपेक्स बैंक के प्रबंध निदेशक संजय पाठक, राजस्थान बहुउद्देशीय सहकारी सोसाइटी कर्मचारी यूनियन के प्रांतीय अध्यक्ष हनुमान सिंह राजावत, राजस्थान सहकारी कर्मचारी संघ, जयपुर (भा.म.सं.) के प्रांतीय अध्यक्ष कुलदीप जंगम, राजस्थान सहकारी विकास मंच के प्रांतीय अध्यक्ष मदन मेनारिया और सहकारी साख समितियां एम्पलाइज यूनियन, राजस्थान के प्रांतीय अध्यक्ष सरज भान सिंह आमेरा सहित कई अधिकारी और प्रतिनिधि मौजूद रहे।


