छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में इंद्रावती नदी के पुल में कूदे नाबालिग छात्र का शव 4 दिन बाद मिला है। सुसाइड से पहले अंश श्रीवास्तव (17 साल) ने अपने पैरेंट्स के लिए डिजिटल रूप में एक नोट लिखकर खुद को फेलियर बताया था। उसने नोट में लिखा था ‘सॉरी मम्मी-पापा, मैं कुछ नहीं कर पाया। मैं फेलियर हूं।’ मामला सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र का है। गुरुवार (8 जनवरी) सुबह से वह घर से लापता था। पुलिस ने पुल पर खड़ी उसकी स्कूटी बरामद की थी। जिससे उसके नदी में कूदने की संभावना थी। 12 जनवरी को SDRF की टीम ने नदी से उसकी लाश बाहर निकाली। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। रायगढ़ का रहने वाला था छात्र बताया जा रहा है कि, बता दें कि, अंश JEE परीक्षा देने के लिए 15 दिन पहले रायगढ़ से जगदलपुर नानी के घर आया था। अंश के पिता साउथ अफ्रीका में इंजीनियर हैं और खबर मिलते ही वे छत्तीसगढ़ के लिए रवाना हो गए थे। अंश 8 जनवरी की सुबह करीब 9 बजे घर से निकल गया था। तब से लगातार उसकी तलाश जारी थी। घर वालों ने इसकी जानकारी पुलिस को दी थी। 4 दिन पहले मिली थी स्कूटी वहीं 9 जनवरी को इंद्रावती नदी पुल के पास उसकी स्कूटी मिली थी। जिसके बाद अंदेशा लगाया जा गया था कि वह नदी में कूद गया है। पुलिस ने SDRF की टीम को इसकी जानकारी दी थी। वहीं टीम मौके पर पहुंची। जिसके बाद से लगातार चार दिनों तक उसकी तलाश की गई। सोमवार (12 जनवरी) को पुल के नजदीक ही पानी में लाश मिली। सुसाइड नोट छोड़ा इधर, परिजनों ने पुलिस को अंश का डिजिटल रूप से पैरेंट्स के लिए लिखा एक नोट भी दिया था। जिसमें लिखा है कि मम्मी-पापा सॉरी, मैं कुछ नहीं कर पाया। मैं फेलियर हूं। इसमें आप की कोई गलती नहीं है। कृपया प्रॉमिस करिए आप लोग रोएंगे नहीं। अयान का ध्यान रखना। मुझे भूल जाना, सॉरी… अंश घर छोड़कर क्यों गया और उसने सुसाइड क्यों किया? फिलहाल पुलिस इसकी जानकारी जुटाने में लगी हुई है। साथ ही परिजनों से भी पूछताछ जारी है। ………………… इससे जुड़ी खबर भी पढ़ें… JEE स्टूडेंट 48-घंटे से लापता, इंद्रावती नदी के पास मिली स्कूटी: पेरेंट्स के मोबाइल पर डिजिटल नोट मिला- मैं फेलियर हूं, पिता साउथ-अफ्रीका से छत्तीसगढ़ रवाना छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में 17 वर्षीय अंश श्रीवास्तव गुरुवार (8 जनवरी) सुबह से लापता है। अगले दिन शुक्रवार को इंद्रावती नदी पुल पर उसकी स्कूटी मिली, जिससे आशंका जताई जा रही है कि वह नदी में कूद गया है। अंश के माता-पिता के मोबाइल पर एक डिजिटल नोट भी मिला है, जिसमें उन्होंने लिखा है ‘सॉरी मम्मी-पापा, मैं कुछ नहीं कर पाया। मैं फेलियर हूं।’ पढ़ें पूरी खबर…


