भास्कर न्यूज | पाटन पाटन प्रखंड के नावाखास पंचायत अंतर्गत पोखरिया गांव में सरना धर्म स्थल का स्थापना दिवस श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में कांग्रेस युवा नेता प्रशांत किशोर तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में नावाखास पंचायत के मुखिया मनोज कुमार और पंचायत समिति सदस्य अखिलेश यादव शामिल हुए। इस अवसर पर सरना धर्म के अनुयायियों ने अतिथियों का पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ गर्मजोशी से स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान स्थानीय कलाकारों द्वारा पारंपरिक लोकनृत्य एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय और उल्लासपूर्ण हो उठा। मुख्य अतिथि प्रशांत किशोर ने अपने संबोधन में कहा कि सरना धर्म स्थल हमारी सांस्कृतिक विरासत और प्रकृति पूजा की परंपरा का प्रतीक है। उन्होंने कहा, सरना धर्म आदिवासी समाज की पहचान और आस्था का केंद्र है। इसकी परंपराओं और मान्यताओं को संरक्षित रखना हम सभी की जिम्मेदारी है। समाज की एकता और सांस्कृतिक अस्मिता को मजबूत करने में ऐसे आयोजन महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वहीं मुखिया मनोज कुमार ने कहा, सरना स्थल केवल पूजा का स्थान नहीं, बल्कि हमारी सामाजिक एकता और परंपराओं का प्रतीक है। मुखिया ने आश्वस्त किया कि पंचायत स्तर पर इसके संरक्षण और विकास के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा। हमारी कोशिश है कि आने वाली पीढ़ियां भी अपनी जड़ों और संस्कृति से जुड़ी रहें। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों एवं सरना धर्मावलंबियों की उपस्थिति रही, जिससे आयोजन सफल और यादगार बन गया। मौके पर पूर्व मुखिया चंद्रदेव सिंह, राजकमल तिवारी, पाहन जयराम उरांव, अध्यक्ष अजय उरांव, मनोज यादव,अमरेश उरांव, प्रदीप उरांव, रवींद्र लकड़ा, गुड्डू लकड़ा, सतवंती उरांव, कलावती उरांव, सुषमा उरांव, शोभा उरांव, सुमन उरांव व अन्य लोग मौजूद थे।


