भास्कर न्यूज | जशपुरनगर अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर प्राथमिक शाला भागलपुर में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर वरिष्ठ महिलाओं को आमंत्रित कर उन्हें पुष्प गुच्छों से सम्मानित किया गया। प्रधान पाठिका रूपा सिंह ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि 8 मार्च को पूरी दुनिया में महिलाओं के सम्मान में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाता है। उन्होंने बताया कि एक समय महिलाओं ने सती प्रथा, बाल विवाह, भ्रूण हत्या जैसी सामाजिक कुरीतियों और यातनाओं का सामना किया था। राजा राम मोहन राय के प्रयासों से सती प्रथा को समाप्त किया गया और भ्रूण हत्या को रोकने के लिए विशेष कानून बनाए गए। उन्होंने कहा कि बाल विवाह, भ्रूण हत्या और टोनही प्रताड़ना जैसे अपराधों को कानून जुर्म मानता है और इसके लिए सजा का प्रावधान है। सुक्रिता टंडन ने अपने विचार रखते हुए कहा कि पहले पर्दा प्रथा के तहत महिलाएं घर से बाहर नहीं निकलती थीं, लेकिन अब महिलाएं हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं। खेल, चिकित्सा, इंजीनियरिंग जैसे क्षेत्रों में महिलाएं पुरुषों के समान योगदान दे रही हैं और अपने अधिकारों को जानने लगी हैं। कार्यक्रम के दौरान अनिल राम ने बताया कि सरकार ने महिलाओं को विशेष आरक्षण प्रदान किया है। अब लोकल बसों में 25 प्रतिशत सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं और उनकी सुरक्षा के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया गया है। इस कार्यक्रम का संचालन अनिल राम ने किया। इस अवसर पर स्कूल के शिक्षक, छात्र-छात्राएं और वरिष्ठ महिलाएं उपस्थित रहीं।


