आचार्य सतगुरु स्वामी टेऊराम महाराज के पावन चौथ महोत्सव के अवसर पर खैरथल की पुरानी आबादी स्थित श्री प्रेम प्रकाश आश्रम में भक्ति, श्रद्धा और संस्कारों का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। प्रेम प्रकाश आश्रम, कोटा के संत श्यामलाल के सानिध्य में 21 से 25 दिसंबर तक आयोजित प्रवास कार्यक्रम के दौरान आश्रम परिसर पूरी तरह आध्यात्मिक वातावरण में डूबा रहा। भजन-सत्संग और प्रवचन से गूंजा आश्रम परिसर महोत्सव के अंतर्गत प्रतिदिन शाम 6 से 7 बजे तक भजन, सत्संग, प्रवचन, आरती एवं प्रसाद वितरण का आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु कार्यक्रम में शामिल हुए और संतों के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। संत श्यामलाल ने प्रवचनों में कहा कि मानव जीवन का उद्देश्य केवल भौतिक सुख नहीं, बल्कि सेवा, सद्भाव और ईश्वर भक्ति के मार्ग पर चलना होना चाहिए। उन्होंने कहा कि सत्संग जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाता है और समाज में प्रेम, एकता और भाईचारे की भावना को मजबूत करता है। युवाओं को संबोधित करते हुए उन्होंने संस्कारवान जीवन शैली अपनाने और समाजसेवा को दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। सिंधी समाज की ओर से संतों का भव्य स्वागत प्रवास कार्यक्रम के समापन के बाद रात्रि 9 बजे इस्माइलपुर रोड स्थित कार्यक्रम स्थल पर सिंधी समाज की ओर से आयोजक नत्थूमल रामलानी के नेतृत्व में संत श्यामलाल, संत हरि प्रेमप्रकाशी और संत उमेश प्रेमप्रकाशी का भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान पूज्य सिंधी पंचायत अलवर जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश रोघा के नेतृत्व में भारतीय सिंधु सभा राजस्थान एवं सिंधी समाज के पदाधिकारियों ने शाल ओढ़ाकर एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर संतों का अभिनंदन किया। वक्ताओं ने कहा कि संतों के प्रवचन समाज को नई दिशा देने वाले और प्रेरणादायी हैं। सेवा मंडल ने संभाली व्यवस्थाएं पूरे आयोजन के दौरान प्रेम प्रकाश सेवा मंडल के सदस्यों ने अनुशासन और सेवा भावना के साथ सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संभालीं। कार्यक्रम का मंच संचालन भारतीय सिंधु सभा राजस्थान के प्रदेश मंत्री राजकुमार दादवानी ने किया। कार्यक्रम में पूज्य सिंधी पंचायत अलवर जिलाध्यक्ष ओमप्रकाश रोघा, मुखी अशोक महलवानी, भारतीय सिंधु सभा राजस्थान प्रदेश महामंत्री गिरधारी लाल ज्ञानानी, अध्यक्ष नत्थूमल रामलानी, पार्षद सुमित रोघा सहित अर्जुनदास बाबानी, टीकमदास चंदनानी, दीपक गनवानी, दिनेश माखीजा, विजय बच्चानी, डॉ. राजेंद्र केवलरामानी, रवि जवारानी, नारायण निहलानी, तेजूमल रोघा, भगवानदास रामनानी, राहुल लालवानी, बोनी जयवानी, विक्की लालवानी, दीपक लखवानी, भगवानदास ज्ञानवानी, बलदेव खजनानी, रणजीत खजनानी, अजित मंगलानी सहित समाज के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।


