पंजाब की फाजिल्का सब जेल में टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत आयोजित विशेष जांच शिविर में चिंताजनक तथ्य सामने आए हैं। जिला टीबी अधिकारी डॉक्टर नीलू चुग के नेतृत्व में पांच डॉक्टरों और एक फार्मेसी अधिकारी की टीम ने जेल में स्वास्थ्य जांच की। कुल 60 कैदियों की स्क्रीनिंग में से 4 कैदियों में टीबी के गंभीर लक्षण पाए गए हैं, जिनके सैंपल जांच के लिए लैब भेजे गए हैं। पौष्टिक आहार देने के निर्देश स्क्रीनिंग के दौरान 15 अन्य कैदियों में खांसी, जुकाम और संबंधित लक्षण मिले हैं। चिकित्सा विभाग ने इन सभी का जेल परिसर में ही एक्स-रे करने का निर्णय लिया है। डॉक्टर नीलू चुग ने बताया कि सभी कैदियों को स्वस्थ रहने के लिए पौष्टिक आहार और स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश दिए गए हैं। कैदियों में टीबी की समय पर पहचान यह जांच शिविर टीबी मुक्त भारत अभियान की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे कैदियों में टीबी की समय पर पहचान और उपचार सुनिश्चित किया जा सकेगा, जो जेल में बीमारी के प्रसार को रोकने में सहायक होगा।


