राजस्थान के पतली बैरियर पर पंजाब के गाड़ी ड्राइवरों ने पुलिस की मनमानी के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। उनका आरोप है कि पुलिस कर्मचारी उनसे अवैध वसूली करते हैं और बिना कारण परेशान करते हैं। स्थानीय गाड़ी ड्राइवरों के अनुसार, वे पंजाब और राजस्थान के बीच यात्री परिवहन का काम करते हैं। उनके गाड़ियों के सभी दस्तावेज वैध होने के बावजूद पुलिसकर्मी उन्हें रोककर चालान की धमकी देते हैं और 200 से 500 रुपए तक की अवैध वसूली करते हैं। ड्राइवरों ने बताया कि वे पूरे दिन की मेहनत से मुश्किल से 500 रुपए कमा पाते हैं, जिसमें से आधी रकम पुलिस को देनी पड़ती है। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस के दोहरे मापदंड पर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि बसों में क्षमता से ज्यादा यात्री होने पर भी कोई कार्रवाई नहीं की जाती, जबकि निजी गाड़ियों में एक अतिरिक्त यात्री होने पर तुरंत चालान कर दिया जाता है। आक्रोशित चालकों ने राजस्थान के मुख्यमंत्री से दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। गाड़ी रुकवाकर चालान काटने की धमकी दी
प्रदर्शनकारियों ने बताया कि आज भी यहां के एक कर्मचारी ने उनके एक साथी की गाड़ी रुकवाकर चालान काटने की धमकी दी जब उसने 100 रुपए दिए तो पुलिस कर्मचारी ने 100 की बजाए 200 रुपयों की मांग की और उनकी गाड़ी छोड़ दी क्या 200 रुपए देने से सभी दस्तावेज पूरे हो गए। मौके पर मौजूद केवल बतरा ने बताया कि उक्त पुलिस कर्मचारी द्वारा पैसे लेते की वीडियो भी उनके पास है। जब उन्होंने विरोध जताया तो उक्त पुलिस कर्मचारी 200 रुपए फेंक कर वहां से खिसकने लगा, जिसे रोककर सभी ड्राइवरों ने उसका घेराव करते हुए चक्का जाम कर दिया। सभी गाडी ड्राइवरों ने राजस्थान के मुख्यमंत्री से मांग की है कि लोगों को लूटने वाले इन पुलिस कर्मचारियों की वर्दियां उतरवाई जाएं क्या इन्हें लोगों को लूटने के लिए नाको पर रखा गया है।


