खाद्य सुरक्षा लाइसेंसिंग प्रक्रिया को सरल बनाने के उद्देश्य से चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा नोहर में एक विशेष शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में फूड लाइसेंस और रजिस्ट्रेशन के लिए कुल 317 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 88 आवेदनों को मौके पर ही ऑनलाइन दर्ज कर रजिस्ट्रेशन जारी करने की प्रक्रिया शुरू की गई। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. नवनीत शर्मा ने बताया कि शिविर के दौरान सभी खाद्य कारोबारियों को साफ-सफाई बनाए रखने और खाद्य पदार्थों को ढककर रखने के निर्देश दिए गए। उन्हें खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 तथा नियम-विनियम 2011 के बारे में भी विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। इस शिविर के सफल आयोजन में किराना एसोसिएशन के प्रधान पवन कुमार कन्दोई, मिष्ठान विक्रेता एसोसिएशन के प्रधान बसन्त कुमार तिवाड़ी और भैराराम सहारण का विशेष सहयोग रहा। खाद्य सुरक्षा अधिकारी (एफएसओ) सुदेश कुमार और रफीक मोहम्मद भी शिविर में उपस्थित रहे। शिविरों में किराना, मिठाई, होटल, डेयरी, रेस्टोरेंट, हलवाई, केटरिंग, फास्ट फूड, चाट-पकौड़ी, फल-सब्जी, ठेला और स्टॉल संचालक जैसे विभिन्न खाद्य कारोबार कर्ता आवेदन कर सकते हैं। फूड रजिस्ट्रेशन के लिए आधार कार्ड, पैन कार्ड की फोटोकॉपी और एक पासपोर्ट साइज फोटो आवश्यक है। वहीं, फूड लाइसेंस के लिए आधार कार्ड, पैन कार्ड, बिजली बिल और जीएसटी रजिस्ट्रेशन से संबंधित दस्तावेज अनिवार्य होंगे। विभाग ने चेतावनी दी है कि इन शिविरों के बाद बिना लाइसेंस या रजिस्ट्रेशन के खाद्य सामग्री बेचने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आगामी शिविर 22 जनवरी को हनुमानगढ़ जंक्शन के दुर्गा मंदिर धर्मशाला में, 27 जनवरी को भादरा की लुहारीवाली धर्मशाला में और 30 जनवरी को पीलीबंगा के व्यापार मंडल भवन में आयोजित किए जाएंगे।


