भास्कर न्यूज | राजनांदगांव सोमनी इलाके के फुलझर में बन रही बायो फ्यूल फैक्ट्री के लिए बगैर परमिशन पाइप लाइन बिछा दी गई है। यह पाइप लाइन फैक्ट्री प्रबंधन ने इंदावानी जलाशय से बिछाई है। जिसके पानी का इस्तेमाल इंदावानी, कोपेडीह, टेड़ेसरा, देवारा और बिरेझर के किसान करते हैं। इसके लिए किसानों से बाकायदा टैक्स भी लिया जाता है। लेकिन न्यू लूक बॉयो फ्यूल्स प्रबंधन ने बगैर किसी प्रशासनिक अनुमति उक्त जलाशय से अपने फैक्ट्री तक पाइप लाइन बिछा दी है। इसके लिए जल संसाधन विभाग ने अनुमति नहीं दी है, वहीं लोक निर्माण विभाग ने भी पाइप लाइन के लिए खुदाई की अनुमति नहीं देने की जानकारी दी है। इसके अलावा पंचायत से भी किसी तरह की एनओसी का प्रस्ताव सामान्य सभा में पास नहीं हुआ है। इसके बाद भी फैक्ट्री प्रबंधन ने मनमानी करते हुए ग्रामीणों के उपयोग के पानी के लिए पाइप लाइन बिछा दी है। जिसका व्यावसायिक उपयोग करने की तैयारी है। इसका विरोध भी पंचायत स्तर पर शुरू हो गया है लेकिन प्रशासन ने फैक्ट्री प्रबंधन की मनमानी पर रोक नहीं लगाई है। कंपनी प्रबंधन सड़क के किनारे हिस्सों में बेधड़क खुदाई कर रहा है। जिसमें पाइप डालने का काम भी शुरू हो चुका है। मामले को लेकर ग्राम पंचायत देवादा की सरपंच लक्ष्मी साहू ने पंचायत प्रतिनिधियों व ग्रामीणों के साथ कलेक्टर से शिकायत की है। वहीं भाजपा की महिला मोर्चा की महामंत्री कनक दुबे भी शिकायत लेकर जिला प्रशासन के पास पहुंची। उन्होंने पाइप लाइन के काम पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने की मांग की। शिकायत में बताया कि कुछ अधिकारी व कर्मचारी भी फैक्ट्री प्रबंधन की मनमानी में संलिप्त हैं। जिसकी वजह से पाइप लाइन बिछाने के काम पर रोक नहीं लग रही है। दो दिन में पाइप लाइन बिछाने का काम नहीं रोकने की स्थिति में ग्रामीणों ने प्रदर्शन की चेतावनी दी है। चक्काजाम तक हो चुका शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं का आरोप न्यू लुक बायो फ्यूल्स कंपनी की मनमानी पर अफसरों का मेहरबानी इस हद तक है, कि लगातार हो रही शिकायतों की भी अफसर अनदेखी कर रहे हैं। इसके जलाशय से पाइप लाइन बिछाने को लेकर पूर्व में ग्रामीण चक्काजाम भी कर चुके हैं। जिला प्रशासन से लेकर सोमनी पुलिस से इसकी शिकायत की गई लेकिन प्रशासन- पुलिस के अफसर मौके पर झांकने तक नहीं पहुंचे। ग्रामीणों को सिर्फ कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत करा दिया गया। लेकिन पाइप लाइन बिछाने काम लगातार जारी रहा।


