उदयपुर शहर के डीपीएस स्कूल में शुक्रवार को एनुअल स्पोर्ट्स डे मनाया गया। यहां 26 नवंबर 2008 में मुंबई के होटल ताज में हुए आंतकवादी हमले की घटना का जीवंत उदहारण पेश किया गया। स्कूल ग्राउंड में होटल ताज का स्टेच्यू बना था। जहां अचानक आतंकवादी हमला होता है और तुरंत आर्मी के वेश में बच्चे पहुंचते हैं और जज्बा दिखाते हुए आतंकवादी को मार गिराते हैं। आर्मी के इस साहसी नजारे ने लोगों में देशभक्ति की भावना जगा दी। इस अवसर पर बच्चों की 50 रेस, 50 हर्डल रेस हुई। बच्चों ने हेरतअंगेज करतब भी दिखाए। कार्यक्रम की शुरुआत में अतिथियों को मार्च पास्ट की सलामी दी गई। स्टेट-नेशनल खिलाड़िरूों को दिए मैडल
इस अवसर पर अतिथियों ने स्टेट और नेशनल लेवल पर खेलने वाले खिलाड़ियों को मैडल प्रदान किए। स्केटटिंग, फुटबॉल, शूटिंग, जूड़ो, चेस और स्वीमिंग में बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी इसमें शामिल थे। एनुअल स्पोर्ट्स डे पर बच्चों के साथ उनके पेरेंट्स भी यहां पहुंचे। बच्चों को मोबाइल से दूर रखें: गोविंद अग्रवाल
कार्यक्रम में डीपीएस के वाइस चेयरमैन गोविंद अग्रवाल ने कहा कि मेरी सभी पेरेंटस से अपील है कि वे अपने बच्चों को एकेडमिक के साथ स्पोर्ट्स में भाग लेने के लिए प्रेरित करें। उन्हें मोबाइल से दूर रखें। स्पोर्ट्स में भविष्य उज्जवल होगा और देश का भी भविष्य उज्जवल होगा। इस अवसर पर एडिशनल एसपी गोपाल स्वरूप मेवाड़ा, डूंगरपुर नगर परिषद पूर्व सभापति केके गुप्ता, प्रिंसिपल संजय नरवानिया आदि मौजूद थे।


