प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी 11 अक्टूबर को बड़वानी आ रहे हैं। वह यहां कांग्रेस की ‘वोट चोर गद्दी छोड़’ रैली का नेतृत्व करेंगे। यह विशाल आयोजन शहर की कृषि उपज मंडी में होगा। कांग्रेस ने इस रैली में 25 हजार से अधिक कार्यकर्ताओं की भागीदारी का लक्ष्य रखा है। जिला स्तरीय बैठक में बनी रणनीति रैली की तैयारियों को लेकर शुक्रवार को बैठक हुई। पूर्व गृहमंत्री और राजपुर विधायक बाला बच्चन ने बताया कि रैली की तैयारी के लिए जिले में ब्लॉक स्तर पर बैठकें की जा रही हैं। बड़वानी जिला मुख्यालय पर हुई इस बैठक में राजपुर विधायक बाला बच्चन, सेंधवा, बड़वानी विधायक, कांग्रेस जिलाध्यक्ष नानेश चौधरी सहित कई पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया। इस दौरान पार्टी के जनप्रतिनिधियों और पदाधिकारियों को पार्टी की नई गाइडलाइन से अवगत कराया गया। जिलाध्यक्ष ने कार्यकर्ताओं से मैदानी स्तर पर काम करने का आग्रह किया। सरकार पर साधा निशाना: किसान और वोटर का मुद्दा प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के दौरे का मुख्य उद्देश्य प्रदेश की सरकार को घेरना है। पूर्व गृहमंत्री बाला बच्चन ने आरोप लगाया कि केंद्र और प्रदेश की सरकारें लगातार किसानों और बेरोजगार युवाओं के साथ छल कर रही हैं। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश सरकार किसानों को उनकी फसल नुकसानी पर ध्यान नहीं दे रही है। विधायक बाला बच्चन ने मुख्यमंत्री मोहन यादव द्वारा हाल ही में लागू की गई किसान भावांतर योजना को लेकर भी सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि जिले में असामयिक बारिश से अधिकांश किसानों की फसलें बर्बाद हो गईं, लेकिन शासन-प्रशासन आंखें मूंदे बैठा है और सरकार किसानों के नाम पर वाहवाही लूटने में लगी है। बड़वानी जिले में भी मतदाता सूची में हेरफेर बाला बच्चन ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी के उठाए गए वोट चोरी के मुद्दे को अथेंटिक बताते हुए कहा कि कांग्रेस राष्ट्रव्यापी आंदोलन कर रही है। उन्होंने बड़वानी जिले में भी मतदाता सूची में हेरफेर और चुनाव में अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए चुनाव आयोग और बीजेपी दोनों को घेरा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इसी मुद्दे को लेकर प्रदेश के अलग-अलग शहरों में ‘वोट चोर, गद्दी छोड़’ अभियान चला रही है, जिसका उद्देश्य वोट और वोटर के अधिकारों को लेकर लोगों को जागरूक करना है। बच्चन ने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी ने जनता का वोट चुराकर सत्ता हासिल की है, जो जनादेश का अपमान है।


