पंजाब के बरनाला जिले के हंडियाया क्षेत्र में प्रशासन ने नशा विरोधी मुहिम के तहत एक बड़ी कार्रवाई की है। नशा तस्कर द्वारा नगर पंचायत की जमीन पर कब्जा कर बनाए गए मकान को पुलिस और प्रशासन ने गिरा दिया है। एसएसपी मोहम्मद सरफराज आलम ने बताया कि यह घर गोरा सिंह और उसकी मां अमरजीत कौर का था। इन दोनों पर नशा तस्करी के 16 से अधिक मामले दर्ज हैं। सारी प्रॉपर्टी आरोपियों ने गैर कानूनी तौर पर नशा बेचकर ही बनाई है। पुलिस प्रमुख ने कहा कि यह घर नगर पंचायत हंडियाया की जमीन पर अवैध रूप से बनाया गया था। उन्होंने बताया कि इस घर का निर्माण नशा तस्करी से कमाए गए पैसों से किया गया था। नियमों के अनुसार हुई पूरी कार्रवाई एसएसपी ने कहा कि पूरी कार्रवाई नियमों के अनुसार की गई है। नशा तस्कर की प्रॉपर्टी की पहले नगर पंचायत हंडियाया की तरफ से निशानदेही कराई गई थी। इसके बाद कानूनी तौर पर उसे इस जगह को खाली करने का नोटिस भी दिया गया था। लेकिन नशा तस्करों ने इस मामले में कोई भी कदम उठाना जरूरी नहीं समझा। इसके बाद नगर पंचायत की तरफ से प्रॉपर्टी को तोड़ने के लिए नोटिस जारी किया गया। पुलिस से सुरक्षा की मांग की गई। जिसके चलते पुलिस बल की हाजिरी में यह कार्रवाई की गई है। एक दिन पहले ही पुलिस ने दे दी थी जानकारी इस कार्रवाई को करने की जानकारी पुलिस ने एक दिन पहले ही दे दी थी। मौके पर एसएसपी मोहम्मद सरफराज आलम, एसपी अशोक शर्मा, डीएसपी सिटी सतवीर सिंह सहित बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारी मौके पर हाजिर थे। ताकि किसी भी प्रकार की कोई गैर कानूनी कार्रवाई को रोका जा सके। इससे पहले जब हंडिया में एक नशा तस्कर का घर तोड़ा गया था तो कुछ और सामाजिक लोगों ने विरोध करने की कोशिश की थी। जिसके चलते पुलिस ने पहले ही इंतजाम कर रखे थे।


