अनूपपुर के बिजुरी में डिप्टी रेंजर सतीश बैगा ने प्रदर्शन कर रहे लोगों पर मारपीट, शासकीय कार्य में बाधा डालने और वर्दी फाड़ने का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई है। यह शिकायत वन विभाग की ओर से अवैध रेत खनन पर की गई कार्रवाई के बाद उपजे विवाद से संबंधित है। वन विभाग कर्मचारियों पर जबरन ट्रैक्टर जब्त करने का आरोप दूसरी ओर, एक ट्रैक्टर चालक ने वन विभाग के कर्मचारियों पर जबरन ट्रैक्टर जब्त करने और मारपीट का आरोप लगाया है। शिकायतकर्ता डिप्टी रेंजर सतीश बैगा ने बिजुरी थाना प्रभारी को बताया कि 16 जनवरी की दोपहर जब वे परिक्षेत्र कार्यालय से रामनगर बैरियर जा रहे थे, तब गेट पर मौजूद भीड़ ने उनके वाहन को रोक दिया। भीड़ ने उनकी वर्दी फाड़ने का प्रयास किया और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए नारेबाजी की। डिप्टी रेंजर ने भीड़ पर परेशान करने का लगाया आरोप अगली सुबह जब बैगा अपनी पत्नी और बच्चे के साथ वाहन से स्कूल जा रहे थे, तब भी उसी भीड़ ने उन्हें रोककर छेड़खानी का प्रयास किया, जिससे बच्चे स्कूल नहीं जा पाए। शिकायत में उल्लेख किया गया है कि यह सब वन भूमि क्षेत्र में रेत के अवैध खनन पर की गई कार्रवाई के बाद वन विभाग पर दबाव बनाने के लिए किया जा रहा है। डिप्टी रेंजर ने रेत माफिया से अपनी जान को खतरा भी बताया है। दरअसल, 15 जनवरी की शाम बिजुरी वन कार्यालय का घेराव किया गया था। यह प्रदर्शन 13 जनवरी को हुई एक घटना के विरोध में था, जिसमें कोठी निवासी रवि सिंह बघेल के ट्रैक्टर को वन विभाग द्वारा जब्त कर लिया गया था। डिप्टी रेंजर पर मारपीट, 25 हजार मांगने का लगाया था आरोप रवि सिंह बघेल ने बिजुरी थाने में दर्ज शिकायत में बताया कि 13 जनवरी की सुबह 9 बजे उनका ट्रैक्टर क्रमांक एमपी 65 जेडए 7949 टैंकर लेने घर की ओर आ रहा था। इसी दौरान कोठी बाजार के पास वन विभाग के कर्मचारियों ने गाड़ी रोककर ड्राइवर ओम कुशवाहा के साथ गाली-गलौज और मारपीट की। कर्मचारियों ने 25,000 रुपए की मांग की और मना करने पर वाहन को राजसात करने की धमकी देते हुए जबरन जब्त कर लिया। बिजुरी थाना प्रभारी ने दोनों मामलों की जांच कर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है।


