बिजली का अवैध कनेक्शन काटने गए बिजली कम्पनी बीकेईएसएल के अधिकारी पर तलवार से हमला करने वाले दो आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार किया। बाद में अदालत ने दोनों की ज़मानत याचिका ख़ारिज कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया। कंपनी के प्रवक्ता ने बताया कि पुलिस ने प्रभावी कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को 7 जनवरी को गिरफ्तार अगले दिन अदालत में पेश किया। एसीजेएम कोर्ट ने दोनों आरोपियों की जमानत याचिका ख़ारिज करते हुए आरोपी अकबर और सिंकदर को एक दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया। पुलिस ने दोनों को आज अदालत में पेश किया। कोर्ट ने दोनों आरोपियों को 22 जनवरी तक न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया। कंपनी की ओर से एडवोकेट तेज करण सिंह ने जमानत याचिका खारिज करने व आरोपियों को पुलिस रिमांड पर भेजने की माँग की। अवैध हुकिंग हटाने पर किया हमला पुलिस में दर्ज प्राथमिकी के अनुसार बीकेईएसएल के अधिकारी लक्ष्मण चौधरी अपने सहायक अभियन्ता के साथ गैरसरिया और पठानों के मोहल्ले में अवैध हुकिंग हटाने गए थे। इस दौरान स्थानीय निवासी अकबर व उसकी भानजी शौकत के भी अवैध हुकिंग हटाए गए। बाद में अकबर ने लक्ष्मण को धमकाते हुए कहा- ‘तुम ऑफिस के बाहर आओ, हम तुम्हें जान से मार देंगे’। अकबर पिछले एक महीने से लक्ष्मण को मारने की धमकी दे रहा था। शाम को अकबर ने अपने दो अन्य साथियों के साथ लक्ष्मण पर तलवार से हमला किया, इससे लक्ष्मण गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एक अपराधी शौकत को उसी दिन गिरफ्तार कर लिया, बाद में अकबर और सिकंदर को गिरफ्तार किया। हत्या के प्रयास का मामला दर्ज
दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं तहत हत्या का प्रयास, लोक सेवक को उसके कर्तव्य का पालन करने से रोकने के इरादे से जानबूझकर चोट पहुंचाने या गंभीर चोट पहुंचाने सहित अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। इसमें 10 साल की सजा हो सकती है।


