ब्यावर के एक निजी अस्पताल ने जिले का पहला सफल नेत्र प्रत्यारोपण (कॉर्नियल ट्रांसप्लांट) किया है। सुप्रसिद्ध नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. मुकेश मौर्य के निर्देशन में यह उपलब्धि हासिल की गई। अजमेर मेडिकल कॉलेज को छोड़कर ब्यावर और आसपास के इलाके में अपनी तरह का पहला सफल नेत्र प्रत्यारोपण है। इस जटिल चिकित्सा पद्धति की सफलता को एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। इस प्रत्यारोपण से ब्यावर निवासी एस्टर जोसेफ़ को नई दृष्टि मिली है। वे जन्मजात ग्रेनुलर क्रानियल डिस्टॉफी नामक गंभीर नेत्र रोग से पीड़ित थीं और देखने में असमर्थ थीं। बड़े शहरों में इलाज के प्रयास असफल रहे थे। एस्टर ने डॉ. मौर्य अस्पताल में परामर्श लिया, जिसके बाद डॉ. मुकेश मौर्य के मार्गदर्शन में अहमदाबाद के प्रसिद्ध क्रानियो सर्जन डॉ. मेहुल आर. पटेल ने यह जटिल नेत्र प्रत्यारोपण प्रक्रिया पूरी की। ऑपरेशन के बाद जब एस्टर जोसेफ़ की आंखों की पट्टी हटाई गई, तो उन्होंने सबसे पहले डॉक्टरों को देखने की इच्छा जताई और उन्हें ‘भगवान’ बताया। रंग और चिन्ह पहचानने पर उन्होंने साफ देखने की बात कही, जिससे ऑपरेशन थिएटर में मौजूद डॉ. मौर्य, डॉ. मेहुल और ओटी स्टाफ में खुशी की लहर दौड़ गई। डॉ. मुकेश मौर्य ने इस उपलब्धि पर गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि अब ब्यावर में भी गंभीर नेत्र रोगों का उपचार संभव हो सकेगा। इससे मरीजों का समय और धन दोनों की बचत होगी।


