अजमेर रोड डीपीएस कट पर शुक्रवार को हुए अग्निकांड में जला होना बताकर एक महिला ने मंगलवार को खुद के भतीजे अंकित होने का दावा किया। टोंक उनियारा निवासी ममता एसएमएस अस्पताल एक वीडियो लेकर पहुंची। वीडियो में एक युवक जला हुआ खड़ा दिखाई दे रहा है। एसएमएस में भर्ती घायलों में युवक के नहीं मिलने के बाद में महिला जयपुरिया अस्पताल पहुंची, लेकिन भी नहीं मिलने पर वह वापस एसएमएस मोर्चरी पहुंची। मोर्चरी में महिला को हादसे में मृत अज्ञात चल रहे एक युवक के शव को दिखाया गया। इस पर महिला ने अपना भतीजा अंकित होने का दावा किया, लेकिन चेहरा झुलसा होने के कारण उसकी पुष्टि नहीं हो पाई है। महिला का दावा हैं कि उसके भतीजा के हाथ पर टैटू बना हुआ था। जिसके आधार पर उसकी शिनाख्त की जा सकती है, लेकिन आग में झुलसाने के कारण टैटू नहीं दिखा। महिला का कहना है कि भतीजा इसी घटना में शिकार हुआ है। भतीजे के माता-पिता की पूर्व में ही मौत हो चुकी है। इसी दौरान कुछ अन्य लोग भी अपने परिजनों को खोजते हुए पहुंचे। उन्होंने भी युवक के शव को अपने ही परिवार का होना बताया। एडीएम नॉर्थ मुकेश मूढ ने बताया कि जिला प्रशासन के पास ऐसा कोई मामला नहीं आया है। अज्ञात चल रहे युवक के शव का जो भी परिवार दावा करेगा उनके परिवार के सदस्य से डीएनए की जांच करवाई जाएगी। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही तय होगा कि शव किस परिवार का है। वीडियो के आधार पर उसका दवा साबित नहीं माना जाएगा।


