वरिष्ठ भाजपा नेता और कवि सत्यनारायण सत्तन ने डॉ. भीमराव अंबेडकर को लेकर दिए जा रहे कांग्रेस के बयानों पर नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि संसद में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी जो कर रहे हैं, वह उस पद पर रहने वाले व्यक्ति के लिए ठीक नहीं है। दरअसल, शनिवार को हरदा में अंतरराष्ट्रीय कवि स्वर्गीय मणिक वर्मा की याद में अखिल भारतीय कवि सम्मेलन आयोजित किया गया था। भाजपा नेता और कवि सत्यनारायण सत्तन भी इस सम्मेलन में शामिल होने के लिए आए थे। इस दौरान मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने गृह मंत्री अमित शाह के संसद में अंबेडकर को लेकर दिए गए बयान पर कांग्रेस के विरोध पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जिस बयान को लेकर कांग्रेस विरोध कर रही है, उसमें न कोई तंज है और न ही कोई स्थिति है कि जिसमें अंबेडकरजी का अपमान होता दिख रहा हो। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी में कहीं न कहीं अज्ञानता दिखती है, समग्रता नहीं दिखाई देती, सम्पूर्णता नही दिखाई देती, अनुभवहीनता और अनुशासनहीनता दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि गृह मंत्री शाह ने वहां की परिस्थितियों के हिसाब से बात की थी। उन्होंने बाबा साहब के अपमान जैसी कोई बात नहीं कही है। जो समाज का हित करे, वही साहित्य है कवि सत्यनारायण सत्तन ने कहा कि जो समाज का हित करें, वही साहित्य है। उन्होंने कहा कि साहित्य समाज का दर्पण है। समाज को उसके हालात दिखाते हुए समाज को सुधारने के लिए व्यंग का इस्तेमाल किया जाता है। उन्होंने कहा कि साहित्य ने राजनीति का ध्रुवीकरण किया है। उन्होंने आज के दौर में फूहड़ता को लेकर कहा कि जहां पर फूहड़ता है, वहां साहित्य हो ही नही सकता और अगर समाज इसे स्वीकृति देता है, तो आप समाज के लिए क्या कहेंगे। तब ऐसा लगता है कि समाज ने साहित्य की समझ खो दी है।


