भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ गुरुवार को डूंगरपुर जिले में दौरे पर रहे। सर्किट हाउस में भाजपा पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। इसके बाद वे पार्टी कार्यालय पहुंचे। जहां उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे की तैयारियों को लेकर चर्चा की। प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने बांसवाड़ा में परमाणु बिजलीघर का विरोध करने वालों को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि इसके कई फायदे हैं। सबसे बड़ा फायदा पूरे क्षेत्र में बिजली की समस्याएं खत्म हो जाएगी। उद्योग, किसान, व्यापार सभी के लिए बिजली मिलेगी। इससे कई लोगों को रोजगार उपलब्ध होगा और सबसे बड़ी बात जमीन की कीमत से 4 गुना ज्यादा पैसा मिल रहा है। विरोध करने वाले सिर्फ भोले भाले लोगों को गुमराह कर अपनी राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने जीएसटी रिफॉर्म को लेकर कहा कि पहले लोग कई तरह के टैक्स देकर परेशान हो जाते थे, लेकिन सरकार ने उसमें बदलाव किया और एक जीएसटी पर लेकर आए। अब रोजाना और खाने पीने की चीजों पर टैक्स फ्री या कम कर दिया। इससे खाने पीने की चीजें सस्ती हो जाएंगी। विधानसभा बनी तब से कैमरे लगे हैं
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने विधानसभा में कैमरों को लेकर चल रहे विरोध को लेकर कहा कि ये कैमरे नई विधानसभा बनी तब से लगे हुए हैं। इसके पहले अशोक गहलोत मुख्यमंत्री थे। गहलोत को भी ये बात पता है। इसमें नई बात क्या है, लेकिन जिस तरह से विधानसभा स्पीकर पर आरोप लगाए गए, ये पूरी तरह से गलत है। स्पीकर विधानसभा का मुखिया होता है और उसके पास सुरक्षा को लेकर स्वयं अधिकार है। राजस्थान पाठ्य पुस्तकों से मानगढ़ धाम का पाठ हटाने के सवाल पर राठौड़ ने कहा कि पूरी तरह से गलत और गुमराह करने वाली बात है। मानगढ़ धाम का पाठ चौथी कक्षा की किताब में था, लेकिन अब इसमें बदलाव कर 5वीं कक्षा की किताब में लिया गया है। उन्होंने अपने मोबाइल पाठ से जुड़े हुए तथ्य रखे। उन्होंने ये भी कहा कि काली बाई के इतिहास को हटाने की भी झूठी अफवाहें उड़ाई जा रही हैं। जबकि काली बाई के इतिहास और पाठ को अब 7वीं कक्षा में जोड़ा गया है। ताकि बच्चा उसे अच्छी तरह से समझ सके। धर्मांतरण को लेकर कानून लाए
धर्मांतरण विरोधी कानून को लेकर मदन राठौड़ ने कहा कि सरकार ने पहली बार इसे कानून बनाया है। अब कोई भी व्यक्ति लालच देकर, दबाव बनाकर, ब्लैकमेलिंग से, शिक्षा, स्वास्थ्य के नाम पर नाटक करके अगर धर्म परिवर्तन करवाया है। ये पूरी तरह से अनैतिक होगा और उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उसे आर्थिक और कानूनी दंड भी मिलेगा। सागवाड़ा नगर पालिका हमारा अंदरूनी मामला
सागवाड़ा नगर पालिका भवन को लेकर भाजपा में ही चल रही आपसी खींचतान को लेकर पार्टी से इस्तीफा दे चुके कई पार्षद और कार्यकर्ता भी सर्किट हाउस पहुंचे। पार्षदों और कार्यकर्ताओं ने नाराजगी जताते हुए कहा कि नगर पालिका चुनाव के समय पार्टी ने भवन को वापस यथा जगह पर ही बनाने का वादा किया था, लेकिन अब नई जगह पर बनाकर कांग्रेस का काम कर रहे हैं। राठौड़ ने दोनों पक्षों की बात करते हुए उनसे आपसी तालमेल से काम करने की नसीहत दी। वहीं राठौड़ ने इस मामले को पार्टी का अंदरूनी मामला बताया।


