इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से 9 मौतें हो चुकी हैं। इसके बाद भोपाल नगर निगम भी अलर्ट हो गया है। महापौर मालती राय ने सभी इंजीनियरों को निरीक्षण करने के आदेश दिए हैं। जिससे पता चल सके कि कहीं दूषित पानी की सप्लाई तो नहीं की जा रही है। महापौर राय ने सब इंजीनियर, असिस्टेंट इंजीनियर और सुपरवाइजरों को निरीक्षण करने को कहा है। वहीं, अधीक्षण यंत्री और कार्यपालन यंत्री को नजर रखने को कहा है। निरीक्षण के बाद रिपोर्ट देने के आदेश भी दिए हैं। अवधपुरी में पानी की जांच
8 महीने पहले अवधपुरी में पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) की सप्लाई अचानक बंद हो गई थी। जांच में सामने आया कि इलाके में एक प्राइवेट वेंडर द्वारा नाले से जुड़ा खुदाई कार्य किया जा रहा था। इसी दौरान भूमिगत पीएनजी पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई, जिससे गैस सप्लाई बाधित हुई। इस तरह की स्थिति पीने की पाइप लाइन में तो नहीं, इसे जांचने के लिए बुधवार को नगर निगम की टीम अवधपुरी पहुंची। कुछ घरों से पानी के सैंपल भी लिए गए हैं। बता दें कि सीवेज संबंधित कई शिकायत हर रोज नगर निगम में आती हैं। ऐसे में डर है कि कहीं सीवेज पीने के पानी में तो नहीं मिल रहा? इसकी जांच के लिए टीमें मैदान में उतरी है। 3 साल पहले भोपाल में हो चुका हादसा
करीब 3 साल पहले भोपाल में बड़ा हादसा हो चुका है। ईदगाह हिल्स स्थित मदर इंडिया कॉलोनी में बुधवार रात क्लोरीन गैस के रिसाव से हड़कंप मच गया था। बस्ती में रहने वाले लोगों को आंखों में जलन और सांस लेने में तकलीफ होने लगी। इससे लोग घरों से बाहर निकल गए। महिला समेत 3 लोगों को हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। कुछ देर में यह संख्या 10 हो गई थी। इसके बाद पानी की सप्लाई रोक दी गई है। यदि यह पानी सप्लाई हो जाता तो कई लोग बीमार हो सकते थे। यह खबर भी पढ़िए…
इंदौर में अब तक 9 लोगों की गई जान इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से अब तक 9 मौत हो चुकी हैं। बुधवार को पांच माह के अव्यान साहू समेत 4 लोगों ने दम तोड़ा। मासूम की मां का कहना है कि सरकार बच्चों की मौत क्यों नहीं बताती। निश्चित तौर पर और भी बच्चे दूषित पानी का शिकार हुए होंगे। बुधवार को अव्यान साहू समेत जिन लोगों की जान गई, उनमें गोमती रावत (50), उमा कोरी (31) और संतोष बिगोलिया शामिल हैं। पढ़े पूरी खबर


