मंगलवाड़ में चालान को लेकर हंगामा:महिला पुलिस जीप के नीचे आने से बची, वीडियो सामने आते ही एएसआई को किया लाइन हाजिर

चित्तौड़गढ़ जिले के मंगलवाड़ थाना क्षेत्र में मोटर व्हीकल एक्ट के तहत की जा रही कार्रवाई उस समय विवाद में बदल गई, जब चालान काटने को लेकर पुलिस और कार सवारों के बीच हंगामा हो गया। इस दौरान एक महिला पुलिस गाड़ी के नीचे आने से बाल-बाल बच गई। घटना के दो वीडियो सामने आए हैं। यह वीडियो मंगलवार शाम की बताई जा रही हैं। वीडियो सामने आने के बाद जिला पुलिस अधीक्षक ने संबंधित एएसआई को लाइन हाजिर कर दिया गया। नाकाबंदी के दौरान रोकी गई एमपी पासिंग कार मंगलवाड़ पुलिस मंगलवार शाम सड़क पर नाकाबंदी कर गाड़ियों की जांच कर रही थी। इसी दौरान एक एमपी पासिंग कार वहां पहुंची। पुलिस ने कार को रुकवाया और डॉक्यूमेंट्स के साथ ड्राइवर की जांच की। जांच के दौरान पुलिस का कहना है कि कार ड्राइवर ने सीट बेल्ट नहीं लगा रखी थी। मौके पर मौजूद एएसआई प्रेमचंद ने चालक को नियमों का उल्लंघन बताते हुए सीट बेल्ट नहीं लगाने का चालान बनाने की बात कही। सीट बेल्ट को लेकर पुलिस और चालक में हुई बहस चालान की बात सुनते ही कार ड्राइवर ने पुलिस से बहस शुरू कर दी। ड्राइवर का कहना था कि उसने सीट बेल्ट लगा रखी थी, जबकि पुलिस इस बात से इनकार कर रही थी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद बढ़ गया। बहस के दौरान माहौल गर्म हो गया और सड़क पर लोगों की भीड़ जमा होने लगी। पुलिस के अनुसार इसी दौरान ड्राइवर ने आपा खो दिया और पुलिसकर्मी के साथ गाली-गलौज करने लगा। गाली-गलौज के बाद ड्राइवर को थाने ले गई पुलिस ड्राइवर द्वारा गाली देने से नाराज होकर पुलिस ने उसे समझाने की कोशिश की, लेकिन जब वह नहीं माना तो उसे थाने ले जाने का फैसला लिया गया। पुलिस ने कार ड्राइवर को अपनी जीप में बैठा लिया। कार में ड्राइवर के साथ उसके परिजन, जिनमें महिलाएं भी शामिल थीं, सवार थे। जैसे ही पुलिस ड्राइवर को जीप में बैठाकर थाने ले जाने लगी, कार में बैठी महिलाओं ने विरोध करना शुरू कर दिया और मौके पर हंगामा खड़ा हो गया। महिला द्वारा पुलिस गाड़ी का गेट पकड़ने से बढ़ा तनाव हंगामे के दौरान एक महिला ने पुलिस जीप का गेट पकड़ लिया और उसे बंद नहीं करने दे रही थी। महिला जोर-जोर से चिल्लाने लगी और पुलिस की कार्रवाई का विरोध करने लगी। इसी बीच एक अन्य पुरुष ने पुलिस जीप के ड्राइवर से चाबी छीनने की कोशिश भी की, जिससे हालात और बिगड़ गए। पुलिस ने तुरंत उस व्यक्ति को हटाया और स्थिति को संभालने की कोशिश की। धक्का लगने से महिला गाड़ी के नीचे आते-आते बची स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने महिला को गाड़ी के गेट से हटाने की कोशिश की। इसी दौरान पुलिस द्वारा महिला को हटाते समय उसे धक्का लग गया। उसी समय पुलिस जीप आगे बढ़ गई, जिससे महिला संतुलन खोकर नीचे गिर गई। गनीमत रही कि महिला पुलिस गाड़ी के नीचे आने से बाल-बाल बच गई। इस पूरी घटना का वीडियो किसी मौके पर मौजूद व्यक्ति ने बना लिया, जो बाद में सामने आया। वीडियो सामने आने के बाद SP ने किया ASI को लाइन हाजिर घटना के वीडियो सामने आने के बाद जिला पुलिस अधीक्षक मनीष त्रिपाठी ने मामले को गंभीरता से लिया। प्रारंभिक जांच के आधार पर मंगलवाड़ पुलिस थाने में तैनात एएसआई प्रेमचंद को लाइन हाजिर कर दिया गया। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और जांच पूरी होने के बाद जरूरी कार्रवाई की जाएगी। सड़क सुरक्षा को ध्यान में रख कर हो रही थी कार्रवाई मंगलवाड़ थानाधिकारी भगवान लाल ने घटना को लेकर पुलिस का पक्ष सामने रखा। उन्होंने बताया कि पुलिस सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई कर रही थी। नियमों के उल्लंघन के कारण सड़क हादसे लगातार बढ़ रहे हैं, इसलिए सख्ती जरूरी है। थानाधिकारी के अनुसार एमपी पासिंग कार के चालक ने सीट बेल्ट नहीं लगा रखी थी और पुलिस को देखते ही वह ड्रामा करने लगा। महिला को चोट से बचाने की कोशिश में हुआ हादसा थानाधिकारी भगवान लाल ने कहा कि जब चालक को पुलिस जीप में बैठाया गया, तब महिला ने हंगामा शुरू कर दिया और जीप का गेट बंद नहीं करने दे रही थी। ऐसी स्थिति में महिला को चोट लगने की संभावना थी, इसलिए एएसआई ने उसे वहां से हटाया। इसी दौरान गाड़ी चल पड़ी और महिला गिर गई। पुलिस का दावा है कि महिला को जानबूझकर नुकसान नहीं पहुंचाया गया। थाने में समझाइश के बाद हुआ मामला शांत घटना के बाद महिला के एक परिजन ने पुलिसकर्मी पर हाथ भी उठाया और कॉलर पकड़ ली। इसके बाद पुलिस सभी को थाने लेकर आई। थाने में परिजनों को समझाया गया और कानून की जानकारी दी गई। समझाइश के बाद परिजन शांत हो गए और उन्होंने अपनी गलती भी मानी। इसके बाद सभी लोग थाने से चले गए। पुलिस का कहना है कि आमजन को सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करना चाहिए, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *