मध्य प्रदेश शिक्षक संघ की प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक पिछले दिनों रीवा में आयोजित की गई। बैठक में शामिल अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के राष्ट्रीय संगठन मंत्री महेंद्र कपूर ने कहा कि संगठन को मजबूत करने के लिए पदाधिकारी प्रवास करें। अधिक से अधिक सदस्यों से मिलकर संगठन की रीति-नीति पर चर्चा करें, वार्षिक सदस्यता का कार्य एक माह में ही पूर्ण करें, संकुलों पर मंडल स्तर की रचना कराएं, मंडल पर एक संयोजक-दो सह संयोजक की नियुक्ति करना और उसमें एक महिला का होना अति आवश्यक है। बैठक की अध्यक्षता मप्र शिक्षक संघ के प्रांताध्यक्ष डॉ.क्षत्रवीर सिंह राठौर ने की। प्रांतीय महामंत्री राकेश गुप्ता, कोषाध्यक्ष विनोद कुमार पुनी एवं प्रांत के उपाध्यक्ष , सचिव, अखिल भारतीय पदाधिकारी, प्रकोष्ठ प्रमुख, सह प्रमुख, संभागीय एवं जिलाध्यक्ष,सचिव, कोषाध्यक्ष एवं संगठन मंत्रियों सहित प्रदेश से 150 पदाधिकारी उपस्थित थे। राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के क्षेत्र प्रमुख गिरीश अग्निहोत्री ने प्राचार्य संवाद कार्यक्रम एवं शिक्षक संघ द्वारा वर्षभर आयोजित होने वाली विभिन्न गतिविधियों के बारे में विस्तृत चर्चा की। प्रति वर्ष शिक्षा भूषण सम्मान कार्यक्रम, कर्तव्य बोध दिवस, गुरु वंदन कार्यक्रम, गुड़ी पड़वा (नव वर्ष) कार्यक्रम पर चर्चा कर सभी को जानकारी दी। प्रांतीय सह संगठन मंत्री हीरालाल तिरोले ने हमारा विद्यालय हमारा तीर्थ पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि शिक्षक संघ ने प्रत्येक विकासखंड में एक-एक स्कूल को ‘हमारा विद्यालय हमारा तीर्थ’ जैसा बनाने के लिए चयनित करने का लक्ष्य दिया है। प्रांतीय कोषाध्यक्ष ने सभी जिले की वार्षिक सदस्यता का जिला और संभागवार ब्यौरा प्रस्तुत किया। प्रांतीय महामंत्री राकेश गुप्ता ने तहसील एवं ब्लॉक इकाई के निर्वाचन 5, 12 और 19 जनवरी को कराने की घोषणा की। प्रदेश के समस्त जिलों से उपस्थित पदाधिकारियों ने समस्याएं बताईं। जिनमें चतुर्थ क्रमोन्नत वेतनमान, AEO व्यवस्था, अनुकंपा नियुक्ति के नियमों में शिथिलता, अध्यापक संवर्ग की नियुक्ति नियम 2018 में संशोधन, पुरानी पेंशन की मांगें प्रमुख थीं। प्रांताध्यक्ष डॉ.क्षत्रवीर सिंह राठौर ने बताया कि विभिन्न समस्याओं के निराकरण के लिए संगठन ने अब तक क्या-क्या किया।


