राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ में मनरेगा योजना का उल्लंघन का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है ग्राम पंचायत बोरतलाव के बैगा टोला में तालाब गहरीकरण के लिए स्वीकृत 9 लाख रुपए की योजना में मजदूरों की जगह जेसीबी मशीन से काम कराया जा रहा है। वहीं, मीडिया की टीम जब इस अनियमितता की जानकारी लेने पहुंची, तो महिला मजदूरों ने उन्हें घेर लिया। मजदूरों ने मीडिया को धमकी दी कि खबर चलाने पर गांव में दोबारा न आएं। कुछ मजदूरों का कहना था कि जमीन पथरीली होने के कारण चंदा करके जेसीबी मंगवाई गई है। नियम के मुताबिक मशीन का इस्तेमाल वर्जित मनरेगा अधिनियम के मुताबिक किसी भी काम में मशीनों या ठेकेदारों का इस्तेमाल वर्जित है। केवल स्थानीय मजदूरों से ही काम कराया जाना चाहिए। ग्राम पंचायत सरपंच कैलाश उइके ने खुद को मामले से अनभिज्ञ बताया। उन्होंने कहा कि काम रोजगार सहायक और मेट की निगरानी में चल रहा है। प्रशासन से सुरक्षा की मांग मीडिया कर्मियों ने तालाब खुदाई का वीडियो बनाकर अधिकारियों को सौंपा है। उन्होंने डोंगरगढ़ एसडीओपी से सुरक्षा की मांग की है। दोषी के खिलाफ होगी कार्रवाई जनपद पंचायत डोंगरगढ़ के मनरेगा कार्यक्रम अधिकारी विजय प्रताप सिंह ने बताया कि उच्च अधिकारियों के निर्देश पर जांच टीम गठित की गई है और जल्द ही कार्रवाई की जाएगी। उनका कहना है – जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा।


