जालंधर के थाना भार्गव कैंप के थाने के SHO पर पीड़ित परिवार की ओर से लगाए है। उनके गुरू पर जानलेवा हमला हुआ। आज दिन होग गए है। पुलिस ने अभी कोई भी व्यक्ति गिरफ्तार नहीं किया। जिसके चलते आज थाने में पहुंचे पुलिस प्रशासन को कहा कि पुलिस ने कार्रवाई न की तो नकोदर चौेक जाम करेंगे। वही थाना SHO ने कहा कि अरोपियों के घरों में रेड की जा रही है वो अपने घरों से फरार है। पुलिस उनकी तलाश कर रही है। 19 तारीख की शाम को हुआ था हमला 19 तारीख की शाम को हुए हमले को लेकर पीड़ित पक्ष ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़ित परिवार का कहना है कि घटना वाले दिन शाम करीब साढ़े पांच बजे उनके बाबा जी पर जानलेवा हमला किया गया। इसके बाद उन्हें सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। पीड़ित पक्ष के अनुसार बाबा जी की टांगों की हड्डियां टूट गई हैं और सिर में गहरी चोट लगी है। काम से घर जाते समय हमला किया पीड़ितों ने बताया कि घटना के समय वे अपने काम से लौटकर राजनगर स्थित डेरे की ओर जा रहे थे। इसी दौरान गली के मोड़ पर पहले से घात लगाए बैठे 10 से 15 युवकों ने उन पर हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावरों में मनी गिल, एक घुंघरू वाला बाबा और उनके कई साथी शामिल थे। परिवार का दावा है कि उनके पास हमले की वीडियो फुटेज और पुख्ता सबूत मौजूद हैं। पीड़ित पक्ष ने आरोप लगाया कि मनी गिल पहले भी इलाके को अपनी संपत्ति बताते हुए धमकियां देता रहा है। करीब 10-15 दिन पहले डेरे में घुसकर धमकी दी गई थी कि इलाका छोड़ दो, नहीं तो जान से मार दिया जाएगा। हमले के समय आरोपी के पास पिस्टल भी थी और वह गोली मारने के इरादे से आया था। पहले भी धमकियों दे चुके हैं परिवार का कहना है कि यह पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी इसी तरह की मारपीट और धमकियों की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन हर बार मामला दबा दिया गया। पीड़ितों का आरोप है कि पुलिस को वीडियो, फोटो और सभी सबूत सौंपने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। पीड़ित पक्ष ने यह भी आरोप लगाया कि इलाके में पहले भी हत्या की घटनाएं हो चुकी हैं और अब उन्हें अगला निशाना बनाए जाने की धमकियां मिल रही हैं। महिलाओं के जरिए फोन कर जान से मारने की धमकी दी गई है। परिवार का कहना है कि डर के कारण कोई भी घर से बाहर निकलने की हिम्मत नहीं कर पा रहा। पुलिस को चेतावनी दी अरोपी गिरफ्तार न किए तो धरना प्रदर्शन होगा परिवार ने पुलिस प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो वे मजबूरन सड़क जाम करेंगे और आंदोलन करेंगे। उनका कहना है कि पुलिस ने भले ही मामला दर्ज कर लिया हो, लेकिन पांच दिन बीत जाने के बावजूद किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है। पीड़ित पक्ष ने साफ कहा कि अगर प्रशासन ने अब भी कार्रवाई नहीं की तो वे खुद सड़कों पर उतरकर संघर्ष करने को मजबूर होंगे। फिलहाल पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और आरोपियों की तलाश की जा रही है।


