शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षकों के लिए लागू की गई ई-अटेंडेंस व्यवस्था अब सिरदर्द बनती जा रही है। देहात इलाकों के कई स्कूलों में नेटवर्क न होने के कारण शिक्षकों को हाजिरी लगाने के लिए स्कूल छोड़कर मुख्य सड़क तक जाना पड़ रहा है। इस चक्कर में कई बार अटेंडेंस लेट हो जाती है या लगती ही नहीं है। अब विभाग ऐसे ‘नो नेटवर्क जोन’ वाले स्कूलों की सूची तैयार कर रहा है। सड़क किनारे तलाशना पड़ता है नेटवर्क जब से सरकार ने स्कूल पहुंचकर ई-अटेंडेंस लगाने का फरमान जारी किया है, तब से ग्रामीण क्षेत्रों के शिक्षकों की मुसीबत बढ़ गई है। स्कूल परिसर में नेटवर्क न मिलने से ऐप काम नहीं करता। मजबूरी में शिक्षकों को स्कूल से बाहर आकर या मुख्य मार्ग पर जाकर नेटवर्क तलाशना पड़ता है। पलपुरा स्कूल के 8 शिक्षक परेशान जिले के शासकीय माध्यमिक स्कूल पलपुरा में 8 शिक्षक पदस्थ हैं। यहां स्कूल परिसर में मोबाइल नेटवर्क नहीं मिलता। शिक्षकों ने बताया कि वे स्कूल तो समय पर पहुंचते हैं, लेकिन हाजिरी लगाने के लिए उन्हें सड़क पर आना पड़ता है। इससे समय भी बर्बाद होता है और कई बार सर्वर डाउन होने से हाजिरी भी नहीं लग पाती। DEO बोले- टीम बनाकर कराएंगे जांच जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) बी.एस. दोनेरिया ने बताया कि नेटवर्क की समस्या को लेकर शिकायतें मिली हैं। इस पर काम किया जा रहा है। एक टीम बनाई गई है, जो मौके पर जाकर वस्तुस्थिति चेक करेगी। अगर शिकायत सही पाई गई, तो ऐसे स्कूलों की सूची तैयार कर वरिष्ठ कार्यालय को भेजी जाएगी, ताकि समस्या का समाधान निकाला जा सके।


