29 जनवरी की रात अयोध्या नगर और पिपलानी इलाके में युवतियों पर कटर से हमला कर शहर में दहशत फैलाने वाले साइको सीरियल कटर बदमाश को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी की पहचान देवेंद्र अहिरवार के रूप में हुई है। वह मूल रूप से सागर का रहने वाला है। आरोपी ने दो घंटे के अंदर इंद्रपुरी, सोनागिरी, पिपलानी और नरेला जोड़ क्षेत्र में चार युवतियों पर जानलेवा हमला किया था। वारदातों के बाद इन इलाकों में दहशत का माहौल था। सोशल मीडिया पर भी लोग युवतियों को अकेले घर से न निकलने की हिदायत दे रहे थे। इस बीच पुलिस ने बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन चलाया और 6 दिन के बाद आरोपी को दबोच लिया। 600 पुराने बदमाशों की तस्दीक की, 100 संदिग्धों को राउंडअप किया शहर में दहशत के बीच पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तारी के लिए जांच शुरू की। एडिशनल पुलिस कमिश्नर अवधेश गोस्वामी के मुताबिक आरोपी तक पहुंचने के लिए 40 टीमें बनाई थी, जिनमें करीब 150 पुलिसकर्मी लगाए गए। जांच के दौरान 1000 सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले गए। आरोपी की पहचान चोरी की बाइक के टूटे मास्क और मुड़ी हुई नंबर प्लेट से हुई। उसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार का इनाम घोषित था। इस दौरान करीब 600 पुराने बदमाशों की तस्दीक की गई और लगभग 100 संदिग्धों को राउंडअप कर पूछताछ की गई। पुलिस टीम को देखकर सागर लैंडमार्क छोला मंदिर क्षेत्र अयोध्या बायपास पर बाइक सवार संदिग्ध युवक भागने लगा, जिसे कोच फैक्टरी के जंगल से पकड़ा गया। पूछताछ में उसने अपना नाम राहतगढ़, सागर निवासी 37 वर्षीय देवेंद्र अहिरवार बताया। कोर्ट ने उसे जेल भेज दिया है। गर्लफ्रेंड ने दिया था धोखा, सागर में भी इसी पैटर्न से किए थे हमले… आरोपी देवेंद्र अहिरवार की गर्लफ्रेंड ने 2014 में उसे धोखा देकर किसी और से शादी कर ली थी। इसके बाद उसने सागर जिले में कटर से जानलेवा हमला करने की चार वारदातों को अंजाम दिया था। आरोपी ने स्वीकार किया कि युवक-युवती को साथ देखकर उसे लगता था कि वे अपने माता-पिता या पति को धोखा दे रहे हैं। सागर के मामलों में सुराग नहीं मिलने पर पुलिस ने तब खात्मा काट दिया था। पुलिस टीम और स्कैच आर्टिस्ट को इनाम : आरोपी को पकड़ने वाली पुलिस टीम को डीजीपी ने 50 हजार रुपए देने की घोषणा की है। साथ ही आरोपी का स्कैच बनाने वाले आर्टिस्ट और अयोध्या नगर थाने के सिपाही सतीश उपाध्याय को पुलिस कमिश्नर 5000 के कैश रिवॉर्ड से सम्मानित करेंगे। भास्कर इनसाइट बाइक का टूटा मास्क बना सुराग
पिपलानी थाना प्रभारी चंद्रिका यादव के अनुसार देवेंद्र भोपाल में अपनी पत्नी और दो बच्चों के साथ करोंद की पूजा कॉलोनी में रहता है। 29 जनवरी की शाम वह एक युवक-युवती को खड़े देखकर उन्हें घूरने लगा। युवक ने आपत्ति की तो दोनों का विवाद हो गया। मारपीट में देवेंद्र की बाइक का मास्क टूटकर युवक के हाथ में आ गया और उसकी नंबर प्लेट भी मुड़ गई थी। तब गुस्से में देवेंद्र वहां से चला गया। वह शराब और गांजे के नशे में था। इसके बाद कटर लेकर बाहर निकला और रास्ते में अकेली दिखी युवतियों पर हमला करता चला गया। बाइक का टूटा मास्क और मुड़ी नंबर प्लेट पुलिस के लिए सबसे बड़ा सुराग साबित हुए। देवेंद्र 8वीं तक पढ़ा है और मिक्सर मशीन चलाने का काम करता है।


