डीडवाना के राजकीय बांगड़ कॉलेज में राष्ट्रीय युवा दिवस पर आयोजित साप्ताहिक कार्यक्रमों का समापन हो गया। इस अवसर पर पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित किया गया, जिसमें विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. मनीषा गोदारा ने की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि स्वामी विवेकानंद का जीवन दर्शन आज के युवाओं के लिए मार्गदर्शक है। उन्होंने जोर दिया कि आत्मविश्वास, अनुशासन, नैतिक मूल्यों और राष्ट्रप्रेम के साथ आगे बढ़ने वाला युवा ही सशक्त भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। डॉ. गोदारा ने विद्यार्थियों से शिक्षा के साथ-साथ समाज सेवा एवं राष्ट्र निर्माण में सक्रिय सहभागिता निभाने का आह्वान किया। एनएसएस प्रभारी डॉ. कुलदीप शर्मा ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय युवा दिवस केवल एक दिन नहीं, बल्कि युवाओं को आत्मचिंतन और आत्मविकास की दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। डॉ. शर्मा ने बताया कि स्वामी विवेकानंद के विचार सकारात्मक सोच, अनुशासन एवं सेवा भाव के साथ जीवन जीने की सीख देते हैं। उन्होंने कहा कि एनएसएस के माध्यम से युवा समाज के प्रति अपने दायित्वों को समझते हुए राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। डॉ. अंतिमा अग्रवाल ने भी कार्यक्रम में विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने स्वामी विवेकानंद के जीवन, उनके आदर्शों एवं विचारों पर विस्तार से प्रकाश डाला। डॉ. अग्रवाल ने कहा कि स्वामी विवेकानंद का संपूर्ण जीवन युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने बताया कि आत्मबल, आत्मविश्वास और राष्ट्रभक्ति के माध्यम से युवा समाज को नई दिशा दे सकते हैं। समापन समारोह के दौरान सप्ताह भर आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता प्रतिभागियों को मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया गया। इन प्रतियोगिताओं में भाषण, निबंध, कविता पाठ, पोस्टर निर्माण, स्लोगन लेखन एवं चित्रकला शामिल थीं। इस अवसर पर महाविद्यालय के संकाय सदस्य, एनएसएस स्वयंसेवक और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। अंत में सभी ने स्वामी विवेकानंद के आदर्शों को जीवन में अपनाने, समाज सेवा हेतु सदैव तत्पर रहने तथा राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ किया गया।


