भास्कर न्यूज | राजिम राजिम को नगर पंचायत से नगर पालिका बनाने की अधिसूचना राजपत्र में प्रकाशित कर दी गई है। पंचायत से पालिका बनने से राजिम को न केवल अब विकास के लिए ज्यादा बजट मिलेगा, बल्कि शहर का दायरा भी बढ़ेगा। शहर के लोग यह मांग सालों से कर रहे थे, जिसके पूरे होने के साथ ही सोशल मीडिया पर बधाइयों का सिलसिला चल पड़ा है। राजपत्र में प्रकाशित अधिसूचना के मुताबिक किसी व्यक्ति को इस पर किसी भी तरह का कोई दावा या आपत्ति हो, तो वे 21 दिनों के भीतर गरियाबंद कलेक्टर के पास दावा-आपत्ति दर्ज करवा सकते हैं। राजिम को पालिका बनाने पर नगर पंचायत अध्यक्ष महेश यादव, उपाध्यक्ष पूर्णिमा चंद्राकर और सभी पार्षदों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, डिप्टी सीएम अरुण साव और राजिम विधायक रोहित साहू का आभा माना। राजिम को लंबे समय से नगर पालिका बनाने की मांग उठाई जा रही थी। विधायक रोहित साहू के सतत प्रयास और प्रभावी पहल के चलते यह सपना साकार हुआ। विधायक ने शीतकालीन सत्र में विधानसभा में ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पेश कर इस विषय पर त्वरित संज्ञान लेने की मांग की। इसके परिणामस्वरूप शासन ने राजिम नगर पंचायत को नगर पालिका के रूप में उन्नत करने की अधिसूचना जारी की। बुनियादी ढांचों में सुधार के साथ सेवा में विस्तार: पालिका बनने से राजिम के बुनियादी ढांचे, सड़क, जलापूर्ति, स्वच्छता और अन्य शहरी सुविधाओं के विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है। पार्षद तुषार कदम, जानकी पटेल, नरोत्तम सिंह ठाकुर, भारत यादव, अंजलि उत्तम निषाद, बलराम यादव, आकाश राजपूत, सुरेश पटेल, टंकू सोनकर, अजय पटेल, मंशा कुर्रे, सुमित्रा यशवंत निराला, कुलेश्वर साहू, रेखा कुलेश्वर साहू, सोमनाथ पटेल आदि प्रतिनिधियों ने राजिम को पालिका बनाने पर खुशी जताई है। लोगों में भी उत्साह का माहौल है। लोग विकास योजनाओं के शीघ्र क्रियान्वयन की उम्मीद कर रहे हैं। इधर, 1 फरवरी 2026 से 15 फरवरी तक आयोजित राजिम कुंभ (कल्प) मेले के सुचारू संचालन के लिए कलेक्टर बीएस उइके ने जिला पंचायत सीईओ प्रखर चंद्राकर को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। सहायक नोडल अधिकारी के रूप में अपर कलेक्टर पंकज डाहिरे और राजिम एसडीएम विशाल कुमार महाराणा की जिम्मेदारी तय की गई है। प्रशासन ने मेला स्थल पर सुरक्षा, यातायात, स्वास्थ्य एवं सफाई व्यवस्था के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं। प्रशासन ने मेले के दौरान सभी व्यवस्थाओं को सुचारू और सुरक्षित बनाए रखने के लिए निर्देश जारी किए हैं। नागरिकों और तीर्थ यात्रियों की सुविधा के लिए हेल्प डेस्क, सूचना काउंटर और यातायात मार्ग चिन्हित किए जाएंगे। मेले को देखते हुए पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और नगर प्रशासन ने संयुक्त टीम तैयार की है।


