राष्ट्र सेविका समिति बाड़मेर का 7 दिवसीय प्रथम शिक्षा वर्ग का समापन सोमवार को आदर्श विद्या मंदिर लंगेरा में सम्पन्न हुआ। कड़कड़ाती ठंड में सुबह साढ़े पांच बजे से रात 10 बजे तक कठिन दिनचर्या और अनुशासन का पालन कर प्रशिक्षण लिया। इसमें 3 जिलों के 14 खंडों से 88 शिक्षार्थी, शिक्षिका, प्रबंधिता अधिकारी समेत 199 की सेविकाएं शामिल हुई। प्रांत कार्यवाहिका सुमन रावलोत ने कार्य कार्यकर्ता निर्माण के लिए इस तरह के प्रशिक्षण वर्ग लगाए जाते है। दरअसल, राष्ट्र सेविका समिति बाड़मेर की तरफ से 30 दिसंबर से 5 जनवरी 2026 तक 7 दिवसीय प्रारंभिक वर्ग आदर्श विद्या मंदिर लंगेरा में लगाया गया। इसमें बाड़मेर विभाग के 3 जिलों में 14 खंडों से 88 शिक्षार्थी, शिक्षिका, प्रबंधिका, अधिकारी सहित 119 सेविकाएं शामिल हुई। यह प्रशिक्षण सुबह साढ़े पांच बजे से रात 10 बजे तक कठिन दिनचर्या और अनुशासन का पालन किया गया। इन दिनों में चिंतन सूत्र, योगासन, प्रात शाखा, लेखन कार्य, बौद्धिक व बिंदु संकलन, आचार पद्धति, चर्चा, कार्यशाला, भजन-गीत अभ्यास, आनंद वेला आदि में भाग लेकर आत्म निर्माण किया। समापन प्रोग्राम में अध्यक्ष प्रेम लता वासु, मुख्य अतिथि सरोज कंवर, वर्गाधिकारी पंकज चौधरी, विभाग कार्यवाहिका भावना चौधरी, पालक विस्तारिका तृप्ति शर्मा, वर्ग कार्यवाहिका जमना पुरोहित,और बाड़मेर जिला कार्यवाहिका दुर्गा के सानिध्य में कार्यक्रम का सफल आयोजन हुआ । कार्यक्रम में जोधपुर प्रांत की प्रांत कार्यवाहिका सुमन रावलोत ने बौद्धिक वक्ता की भूमिका में सद्गुण निर्मिति का केंद्र शाखा विषय पर उद्बोधन दिया। उन्होंने बताया कि राष्ट्र सेविका समिति महिलाओं का अखिल भारतीय संगठन है। इस संगठन में कार्यकर्ता का विशेष महत्व है। कार्यकर्ता निर्माण के लिए इस तरह के प्रशिक्षण वर्ग लगाए जाते है। इस प्रारम्भिक वर्ग के माध्यम से बहनों का मानसिक, बौद्धिक और शारीरिक विकास करते हुए समिति के प्रति विश्वास व आत्मीयता के भाव का निर्माण किया जाता है। कार्यक्रम के अंत में विभाग कार्यवाहिका भावना चौधरी ने सभी अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापित किया।


