यूक्रेन में फंसे और रूस की सेना में जबरन भर्ती किए गए भारतीय युवकों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। रूसी आर्मी को पता चल गया कि युवक वीडियो बनाकर भारत में अपने परिवारों को भेज रहे हैं। जिसके बाद अब उनके मोबाइल से वॉट्सऐप डिलीट कर दिया गया। इस बात की जानकारी यूक्रेन में ही फंसे हरियाणा के युवक विजय ने इंस्टाग्राम पर अपने दोस्त को मैसेज करके दी है, मैसेज में उसने ये भी बताया कि 3 दिन बाद अब उन्हें युद्ध के लिए लेकर जाने वाले हैं।
इस बीच विजय के परिजन दिल्ली और चंडीगढ़ जाकर रूसी एंबेसी, विदेश मंत्रालय और रक्षा मंत्रालय से मदद की गुहार लगाने के लिए निकल गए हैं। इसके अलावा कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव एवं सिरसा सांसद कुमारी सैलजा ने भी विदेश मंत्री जयशंकर को इस मामले में पत्र लिखा है। उधर, इस तरह के मामले सामने आने के बाद केंद्र सरकार ने भी रूस से औपचारिक बातचीत शुरू कर दी है और भारतीय नागरिकों को रूसी सेना में जबरन शामिल ना करने की अपील की है। पहले फेसबुक फिर इंस्टाग्राम पर किया मैसेज
बुधवार रात फतेहाबाद के युवक विजय ने फेसबुक मैसेंजर के जरिए अपने साथी रमेश कुमार के पास मैसेज भेजा। जिसमें उसने बताया कि उसका वॉट्सऐप डिलीट कर दिया गया है। इस मैसेज को रमेश कुमार ने गुरुवार सुबह देखा। सुबह 5 बजकर 7 मिनट पर रमेश ने उसे टेंशन नहीं लेने और समाधान करने के बारे में रिप्लाई किया। उसके बाद विजय की इंस्टाग्राम के जरिए रमेश से बात हुई है। विदेश मंत्रालय के बयान की 3 अहम बातें… 4 वीडियो भेजकर लगाई थी जान बचाने की गुहार
गौरतलब है कि हरियाणा-पंजाब के कई युवक रूस में थे। उन्हें जबरदस्ती रूसी सेना में भर्ती कर यूक्रेन के खिलाफ युद्ध में भेजा जा रहा है। इनमें शामिल हरियाणा के फतेहाबाद जिले के गांव कुम्हारिया निवासी 2 युवकों ने अपने परिजनों को चार वीडियो भेजे, जिनमें मदद की गुहार लगाई गई। फतेहाबाद के अंकित और विजय के साथ पंजाब के मोगा जिले के बूटा सिंह, जम्मू के सुनील शर्मा व सचिन शामिल हैं। वीडियो में कहा गया कि- हमारे पास 2-3 दिन ही बचे हैं। फिर हमें युद्ध में धकेल दिया जाएगा। यहां से जो भी जा रहा है, वह वापस नहीं आ रहा। पहले 13-14 साथी गए थे, वे भी मारे गए। फतेहाबाद के अंकित जांगड़ा व विजय पूनिया ने वीडियो में बताया कि वे महिला के दिए नौकरी के लालच में रूसी सेना में आकर यूक्रेन में फंस गए हैं। उन्होंने सोमवार शाम को परिवार को वॉट्सऐप कॉल कर वहां से निकालने की गुहार लगाई थी। परिवार का कहना है कि 15 लोगों के बैच में उनके साथ यूपी, पंजाब, जम्मू-कश्मीर के भी युवक फंसे हैं। अब जानिए यूक्रेन में आखिर कैसे फंसे हरियाणा के युवक…


