राजस्थान के रहने वाले युवक की ठाणे (महाराष्ट्र) में बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी। घटना शनिवार रात 8:40 की है। युवक सिरोही जिले की रेवदर तहसील के बांट गांव का रहने वाला था। युवक शाम को अपने साथ के साथ ज्वेलरी की दुकान बंद कर घर जा रहा था। पिछले 5 साल से युवक यहां काम कर रहा था। बांट गांव के मानाराम ने बताया-उनका बेटा दिनेश (25) पिछले 5 साल से महाराष्ट्र के ठाणे में गोठेघर इलाके में शाहपुर थाना क्षेत्र में महालक्ष्मी ज्वेलर्स के यहां काम करता था। शनिवार की रात 8:40 बजे उनका बेटा दिनेश और उसका साथी दुकान बंद करने के बाद घर जा रहे थे। इस दौरान बाइक पर आए बदमाशों ने उसे गोली मार दी और उसके हाथ से थैला लेकर भाग गए। गोली मारकर बैग छीना इस दौरान घटना के दो सीसीटीवी भी सामने आए हैं। जिसमें रात करीब 8:38 पर दिनेश और उसका साथी दुकान बंद करके घर की ओर निकलते हैं। इसके बाद वे सामने सड़क पर खड़े दो बाइक सवारों से बात करने लगे। इस दौरान दिनेश फोन पर बात करते हुए आगे निकल गया। इसके थोड़ी देर बाद उसका साथी भी निकल आया। इसके बाद बाइक पर आए बदमाशों ने दिनेश पर फायरिंग कर दी और उसके हाथ से थैला लेकर भाग गए। इस दौरान ज्वेलरी की दुकान के बाहर सब्जी की दुकान लगाने वाली महिला ने बदमाशों से हाथ जोड़कर दिनेश को छोड़ने की अपील की। जिस पर बदमाशों ने महिला को धमकाया। वहीं एक बदमाश दिनेश के साथी के पीछे भाग गया। वहीं दूसरे सीसीटीवी में दिनेश एक बाइक के सहारे बैठकर फोन पर बातचीत कर रहा है। पीछे से बाइक सवार दो बदमाश पहुंचे और दिनेश को गोली मार दी। इसके बाद उससे बैग छीनकर फरार हो गए। इसके बाद आसपास के लोगों ने दिनेश को ठाणे के एक अस्पताल में भर्ती कराया। जहां रविवार सुबह उसकी मौत हो गई। सोमवार को सुबह 9 बजे दिनेश का शव उसके पैतृक गांव बांट पहुंचा। जहां उसका अंतिम संस्कार किया गया। दिनेश के पिता मानाराम ने बताया-उनका परिवार खेती बाड़ी करता है। दिनेश की बहन दीवा कैलाशनगर में बिजली विभाग में ए.ई.एन है। कुछ समय पहले ही दिनेश की पास के ही गांव जेतावाड़ा में सगाई की थी। एक साल बाद उसकी शादी करानी थी। 15 दिन पहले वह गांव आया था और परिवार के लिए एक कार ख़रीदी थी। 5 दिन पहले जब वह घर से गया, तब बोलकर गया था कि वापस आएंगे तो सभी मिलकर घूमने जाएंगे। मगर 5 दिन बाद ही उसकी मौत की खबर सुनने को मिली। व्यापार संघ ने किया प्रदर्शन
फायरिंग की घटना के बाद व्यापारियों में असंतोष फैल गया। इसके बाद रविवार को शाहपुर व्यापार संघ ने पुलिस से अपराधियों को जल्द पकड़ने के की मांग की है। व्यापारियों ने शाहपुर पुलिस थाने तक मौन मार्च निकाला। विरोध मार्च में हिस्सा लेते हुए पूर्व विधायक पांडुरंग बरोरा ने कहा- ‘अगर दोषियों को 48 घंटे में नहीं पकड़ा गया तो विरोध प्रदर्शन तेज होगा।’


