मप्र पर्यटन निगम विकास निगम की संपत्तियां अब निजी निवेशक 60 या 90 साल के लिए ले सकेंगे। इससे निवेशक बड़े पैमाने पर निवेश कर सकेंगे और पर्यटन सुविधाओं में सुधार होगा। फिलहाल, निगम खजुराहो कन्वेंशन सेंटर, हलाली डैम स्थित सम्राट अशोक रिट्रीट और तिघरा रेस्टोरेंट को लीज पर देने की तैयारी है। पर्यटन की बढ़ती संभावनाओं और बड़े निवेशकों को आकर्षित करने के लिए निगम अपनी नीति में बदलाव करेगा। अभी 18 संपत्तियां लीज पर हैं, जिन्हें अब तक 30 साल की अवधि के लिए दिया जाता था। अब निवेशक लंबी अवधि (60-90 साल) के संचालन अधिकार मांग रहे हैं, ताकि उनका निवेश सुरक्षित रहे। हाल ही में निगम की बोर्ड बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी मिली है। खजुराहो कन्वेंशन सेंटर का अनुबंध पिछले महीने शर्तों के उल्लंघन के कारण खत्म कर दिया था। महाराष्ट्र की निजी कंपनी बिजली बिल नहीं जमा कर रहीं थी। जानकारी के मुताबिक, कंपनी को प्रोजेक्ट में सही लाभ नहीं मिल रहा था। इसलिए अब निगम सेंटर के पास स्थित जमीन भी लीज अनुबंध में देगी। हलाली डैम पर स्थित सम्राट अशोक रिट्रीट भी अब निजी क्षेत्र को लीज पर दिया जाएगा। बड़े निवेश में नुकसान की संभावना कम होगी
पर्यटन नीति में 30, 60 और 90 साल की लीज के प्रावधान थे, पर अब तक 30 साल तक के अनुबंध होते रहे हैं। अब 30 साल के बाद दो बार में सहमति से 30-30 साल की अवधि बढ़ सकेगी। अनुबंध में शर्तें शामिल करेंगे। बड़े निवेश पर जोखिम नहीं रहेगा, निवेशक लंबी योजना से काम कर पाएंगे। -इलैया राजा टी, एमडी, पर्यटन निगम


