लखनऊ के गौतमपल्ली थाने में रविवार देर रात एक दबंग Y श्रेणी सुरक्षा लेकर गुंडागर्दी करने पहुंचा। थाने में पुलिसकर्मियों को अर्दब में लेकर कार्रवाई करने का आदेश देने लगा। वह चीखने-चिल्लाने के साथ खुद को बीजेपी नेता बता रहा था। एक घंटे तक कमर में पिस्टल लगाकर सबको धौंस दिखाता रहा। दबंग मारपीट के मामले में आरोपियों को छुड़ाने थाने पहुंचा था। फिलहाल पुलिस ने चार आरोपियों काे शांतिभंग में चालान कर दिया है। जानिए क्या था पूरा मामला लखनऊ के वरिष्ठ पत्रकार अपने परिवार के साथ 1090 चौराहे स्थित चटोरी गली में बेटी का बर्थडे मनाने गए थे। खाने के लिए कुछ आर्डर दिया। ऑर्डर आने पर उनको सामान सही नहीं लगा। उन्होंने सामान लेने से मना कर दिया और अपना पैसा वापस मांगा। इस पर दुकानदार उग्र हो गया और गाली देने लगा। तभी दुकान पर काम करने वाले लड़कों ने पीड़ित और उनके परिवार पर हमला कर दिया। महिलाओं से बदसलूकी और मारपीट की गई। सूचना पर डायल 112 की टीम पहुंची और हमलावरों को थाने ले आई। खुद को बताया Y श्रेणी प्राप्त नेता तभी मारपीट करने वाले आरोपियों की पैरवी करने मनोज सिंह नाम का व्यक्ति पहुंचा। जो एक सफेद ट्रैक सूट पहने और कमर में पिस्टल लगाए था। वहां पहुंचते ही पुलिसकर्मियों को धमकाना शुरू कर दिया और आदेश देने लगा। पुछताछ में पुलिस के सामने खुद को Y श्रेणी सुरक्षा प्राप्त, बीजेपी नेता और दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री बताया। मनोज सिंह ने कथित तौर पर हमलावरों को छुड़वाकर थाने के बाहर ले आया। बोला-पीड़ित पर कार्रवाई करो गौतमपल्ली थाने में मौजूद पुलिसकर्मी भी पहले दबंग सामने नतमस्तक नजर आए। वहीं चौकी इंचार्ज ने उल्टा पीड़ित पर कार्रवाई की चेतावनी दी। घटना की गंभीरता को देखते हुए एसीपी हजरतगंज विकास जायसवाल मौके पर पहुंचे। उन्होंने दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास किया। पीड़ित सुलह के लिए तैयार था, लेकिन दबंग तहरीर देकर कार्रवाई की धमकी देने लगा। कौन है मनोज सिंह? बलिया जिले के बैरिया निवासी मनोज सिंह विभूति खंड, लखनऊ में रहते हैं। चटोरी गली में दुकानों का संचालन करते हैं। विवादित छवि वाले मनोज सिंह 2022 में समाजवादी पार्टी छोड़कर बीजेपी में शामिल हुए थे। Y श्रेणी सुरक्षा प्राप्त इस व्यक्ति पर पहले भी कई आरोप लग चुके हैं।


