लड़ाई करनी हो तो बाहर आ जाना, मैदान में आओ खुलके। यह धमकी आसपुर से बीएपी विधायक उमेश डामोर ने उदयपुर से भाजपा सांसद मन्नालाल रावत को दी है। प्रशासनिक अधिकारियों और सुरक्षाकर्मियों ने मामला शांत करवाया। इससे पहले उदयपुर सांसद मन्नालाल रावत और बांसवाड़ा से बीएपी सांसद राजकुमार रोत के बीच तीखी बहस हुई। दोनों के बीच बातचीत तू-तू मैं-मैं तक पहुंच गई और माहौल गरमा गया। सुरक्षाकर्मियों को बीच-बचाव करना पड़ा। पहले इन 4 फोटोज के जरिए समझिए पूरा मामला अब पढ़िए क्या है पूरा मामला दिशा की बैठक में हुआ हंगामा
दरअसल डूंगरपुर में सोमवार को जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) को लेकर जिला परिषद के ईडीपी सभागार में बैठक हुई। इस बैठक में जोरदार हंगामा हो गया। उदयपुर से भाजपा सांसद मन्नालाल रावत और बांसवाड़ा से बीएपी सांसद राजकुमार रोत के बीच तीखी बहस हुई। दोनों के बीच बातचीत तू-तू मैं-मैं तक पहुंच गई और माहौल गर्मा गया। सुरक्षाकर्मियों को बीच में आकर बचाना पड़ा। आसपुर विधायक ने उदयपुर सांसद को दी धमकी
इसके बाद आसपुर से बीएपी विधायक उमेश डामोर ने सांसद मन्नालाल रावत को धमकी देते हुए चेतावनी दी कि लड़ाई करनी हो तो बाहर आ जाना। मैदान में आओ खुलके।
इसके बाद प्रशासनिक अफसरों ने दोनों से समझाइश करते हुए मामला शांत करवाया। एजेंडे से हटकर मुद्दा उठाने पर शुरू हुई बहस
दिशा की बैठक की शुरुआत में बीएपी सांसद राजकुमार रोत एजेंडे से हटकर राज्य सरकार के मुद्दे उठाने लगे। इस पर भाजपा सांसद मन्नालाल रावत ने एजेंडे के अनुसार दिशा की बैठक केंद्र सरकार की योजनों के मुद्दे रखने की बात कहने लगे। इसे लेकर दोनों के बीच बहस शुरू हो गई। रोत बोले— रावत केवल माहौल खराब करने आए हैं
सांसद राजकुमार रोत ने कहा— “बैठक का अध्यक्ष मैं हूं और यहां क्षेत्र की हर उस समस्या पर चर्चा हो सकती है जो जनता से जुड़ी है।” बहस तब और बढ़ गई जब रोत ने आरोप लगाया कि मन्नालाल रावत केवल माहौल खराब करने आए हैं और वे डूंगरपुर का विकास नहीं चाहते। आसपुर विधायक भी बहस में कूद पड़े
विवाद यहीं नहीं थमा। मन्नालाल रावत ने जब खुद को ‘धमकाया जाने वाला निर्वाचित जनप्रतिनिधि’ बताया, तो आसपुर विधायक उमेश डामोर भी इस बहस में कूद पड़े। विधायक डामोर और सांसद रावत के बीच “तू-तू, मैं-मैं” शुरू हो गई। बात इतनी बढ़ गई कि विधायक उमेश डामोर ने सांसद मन्नालाल को ‘लड़ाई करनी है तो बाहर आ जाओ’ की धमकी तक दे दी। 15 मिनट तक चला हाई-वोल्टेज ड्रामा
करीब 15 मिनट तक चले इस हाई-वोल्टेज ड्रामे के कारण बैठक का माहौल पूरी तरह गरमा गया। इससे सुरक्षाकर्मियों को बीच में आकर बचाव करना पड़ा। सदन में मौजूद अन्य सदस्यों और प्रशासनिक अधिकारियों ने कड़ी मशक्कत के बाद दोनों पक्षों को शांत कराया। बीच-बचाव के बाद ही बैठक की कार्यवाही दोबारा सुचारू रूप से शुरू हो सकी। क्या है दिशा की बैठक
जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक, यह बैठक सांसद की अध्यक्षता में आयोजित की जाती है। अब डूंगरपुर जिले में 4 विधानसभा आती है। जिसमें से डूंगरपुर, चौरासी और सागवाड़ा विधानसभा यह तीनों बांसवाड़ा-डूंगरपुर सांसद राजकुमार रोत के संसदीय इलाके में है। जबकि आसपुर विधानसभा उदयपुर सांसद मन्नालाल रावत के संसदीय इलाके में है।


