धौलपुर जिले के प्रसिद्ध लाठखेड़ा हनुमान मंदिर में 10 जुलाई 2024 से चल रहा अखंड रामायण पाठ विधिवत रूप से संपन्न हो गया। इस धार्मिक आयोजन के तहत रामचरितमानस के कुल 305 पाठ अखंड रूप से किए गए, जो क्षेत्र में आस्था का केंद्र बने रहे। अखंड पाठ के समापन अवसर पर मंदिर परिसर में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। इसमें हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण की। बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों सहित सभी वर्गों के लोगों ने भंडारे में उत्साहपूर्वक भाग लिया। सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही और पूरा वातावरण ‘जय श्रीराम’ के जयघोष से गूंज उठा। धार्मिक चेतना, सामाजिक समरसता का प्रसार करना उद्देश्य
इस अवसर पर मंदिर के महंत संतोष शर्मा ने बताया कि यह अखंड रामायण पाठ 10 जुलाई 2024 को विधि-विधान से शुरू किया गया था, जो सफलतापूर्वक पूर्ण हुआ। उन्होंने कहा कि आयोजन का उद्देश्य क्षेत्र में धार्मिक चेतना, सामाजिक समरसता और आध्यात्मिक ऊर्जा का प्रसार करना है। सुख-समृद्धि और शांति की कामना
समापन कार्यक्रम के दौरान विशेष पूजा-अर्चना, हवन और आरती का आयोजन किया गया। श्रद्धालुओं ने रामचरितमानस पाठ के समापन पर प्रभु श्रीराम से सुख-समृद्धि और शांति की कामना की।
कार्यक्रम में आसपास के गांवों और धौलपुर जिले के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्र में मेले जैसा माहौल देखने को मिला। आयोजन की व्यवस्थाएं अनुशासित और सुव्यवस्थित रहीं, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हुई।
लाठखेड़ा हनुमान जी मंदिर में संपन्न हुआ यह अखंड रामायण पाठ धार्मिक आस्था, श्रद्धा और सामाजिक एकता का प्रतीक बन गया।


