भास्कर न्यूज| महासमुंद छत्तीसगढ़ सरकार की महत्वाकांक्षी धान खरीदी योजना में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ जिला प्रशासन ने सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। महासमुंद कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने बसना ब्लॉक के तीन केंद्रों के नोडल अधिकारी और खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के अभिहित अधिकारी उमेश वर्मा को गंभीर लापरवाही के चलते कारण बताओ नोटिस जारी किया है। उमेश वर्मा को बसना ब्लॉक के तीन महत्वपूर्ण धान खरीदी केंद्रों बड़ेडाबा, गढ़फुलझर और हाड़ापथरा का नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया था। इन केंद्रों पर अब तक हजारों क्विंटल धान की खरीदी हो चुकी है। जिसमें बड़ेडाबा में 39,091 क्विंटल,गढ़फुलझर में 48,716 क्विंटल और हाड़ापथरा में 14,460 क्विंटल शामिल है। इन केंद्रों का समय-समय पर ऑनलाइन भौतिक सत्यापन अनिवार्य है ताकि किसी भी प्रकार की वित्तीय अनियमितता या भ्रष्टाचार को रोका जा सके। लेकिन, अधिकारी उमेश वर्मा द्वारा अब तक एक बार भी ऑनलाइन सत्यापन की प्रक्रिया पूरी नहीं की गई है। नोटिस जारी होने के दो दिन बीत जाने के बाद भी अधिकारी द्वारा अब तक कोई स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं किया गया है, जिसे कलेक्टर के आदेश की खुली अवहेलना माना जा रहा है। जिले में पहले भी धान खरीदी केन्द्रों में समय पर भौतिक सत्यापन नहीं होने भ्रष्टाचार का मामला सामने आ चुका है।


