पंजाब के लुधियाना में सिद्धवां बेट इलाके में सतलुज नदी में अवैध बांध निर्माण का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। सिधवां बेट में एक महीने के भीतर दूसरा अवैध बांध मिलने से बाढ़ पीड़ितों की चिंता बढ़ गई है। ताजा मामला खुरशेदपुरा गांव से सामने आया है। यहां करीब 300 मीटर लंबा कच्चा बांध बनाया गया है। अधिकारियों का कहना है कि इससे नदी का प्राकृतिक प्रवाह बदल सकता है। जो मानसून में खतरनाक साबित हो सकता है। पहले भी मिल चुका है बांध
नवंबर में ही अक्कुवाल गांव के पास 155 मीटर लंबा अवैध बांध मिला था। बार-बार हो रहे उल्लंघनों से ग्रामीणों में गुस्सा है। उनका कहना है कि बाढ़ के बाद भी इतनी बड़ी तादाद में अवैध निर्माण कैसे हो रहे हैं? अधिकारियों ने दर्ज कराई FIR
सिधवां बेट पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ पंजाब नहर और जल निकासी अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता की धारा 52 (सी) और 326 (सी) के तहत FIR दर्ज की है। यह मामला सिधवां जल निकास उप-मंडल में तैनात जूनियर इंजीनियर-सह-खनन निरीक्षक विरेंद्र सिंह की शिकायत पर दर्ज किया गया है। अवैध खनन का शक
अधिकारी ने बताया कि बांध नदी के अंदर रेत जमा करके बनाया गया है, जिससे पानी का प्रवाह मोड़ने की कोशिश की जा रही है। उन्हें शक है कि यह अवैध रेत खनन करने वालों का काम है, जो रेत निकालने के लिए नदी की धारा को बदलते हैं। सिधवां बेट थाने के SHO हीरा सिंह ने मीडिया को बताया कि अवैध निर्माण करने वालों की पहचान की जा रही है। उन्होंने कहा कि बांध को जल्द ही तोड़ दिया जाएगा ताकि नदी का प्राकृतिक प्रवाह बहाल हो सके।


