लुधियाना जिले के जगराओं में माता-पिता की मौत के बाद अनाथ हुई तीन बच्चियों में से दो नाबालिग बच्चियों को बेचने के मामले में पुलिस जांच के दौरान बड़ा खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया है कि बच्चियों को बेचा नहीं गया था, बल्कि पैसों के लालच में उनकी बिना सहमति के जबरन शादी कराई गई थी। बता दे कि इस पूरी साजिश को शिकायतकर्ता की पत्नी, चचेरे भाई और पड़ोसन ने एक अन्य महिला के साथ मिलकर अंजाम दिया। मामले का खुलासा होने के बाद थाना सदर जगराओं पुलिस ने तीन महिलाओं समेत चार आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। चार पर केस दर्ज आरोपियों की पहचान सुखविंदर कौर, जो अहमदगढ़ छन्ना की रहने वाली है, और लक्खा सिंह जो गांव रूमी का रहने वाला है, उनके साथ रेशम कौर, अयाली कलां, दाखा,हरजिंदर कौर उर्फ मिंटू गांव रूमी के रहने वाले की रूप में हुई है। चाचा ने पुलिस को दी शिकायत थाना सदर के इंचार्ज सुरजीत सिंह ने बताया कि गुरप्रीत सिंह जो रूमी गांव के रहने वाले है, उन्होंने पुलिस को शिकायत दी थी कि उसकी पत्नी सुखविंदर कौर ने कुछ लोगों के साथ मिलकर उसकी नाबालिग भतीजियों को बेच दिया है। उम्र छिपाकर करवाई शादी शिकायत की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जब मामले की जांच शुरू की तो सामने आया कि बच्चियों को बेचा नहीं गया, बल्कि उनकी उम्र छिपाकर और बिना उनकी सहमति के शादी रचाई गई थी। इस पूरे मामले में पीड़ित के ताया के बेटे लक्खा सिंह ने बिचौलिये की भूमिका निभाई, जबकि रेशम कौर ने भी साजिश में अहम भूमिका निभाई। दादा-दादी कर रहे थे देखभाल पुलिस के अनुसार शिकायतकर्ता के भाई लखबीर सिंह की शादी करीब 18 साल पहले सुनीता रानी से हुई थी। उनके घर तीन बेटियों ने जन्म लिया। करीब 15 साल पहले पहले भाभी और फिर भाई की मौत हो गई। इसके बाद बच्चियों की देखभाल उनके दादा स्वरन सिंह और दादी कुलविंदर कौर करने लगे। दाद-दादी के बाद चाचा कर रहे थे देखभाल करीब दो साल पहले दादा-दादी की भी मौत हो जाने के बाद गुरप्रीत सिंह अपनी तीनों भतीजियों की देखभाल कर रहा था। 6 जुलाई 2025 को जब गुरप्रीत सिंह शाम को काम से घर लौटा तो तीनों भतीजियां घर पर नहीं थीं। उसने पड़ोसन हरजिंदर कौर से पूछताछ की, लेकिन उसने कोई जानकारी नहीं दी। एक भतीजी के मिलने पर खुला राज कुछ दिनों बाद एक भतीजी वापस मिली, जिसने खुलासा किया कि उसकी दोनों बहनों की चाची ने बिना उनकी सहमति के उनकी शादी कर दी थी। पुलिस अधिकारी ने बताया कि जांच के दौरान यह भी सामने आया कि तीनों आरोपी महिलाएं आपस में सहेलियां थीं। पैसों के लालच में कराई शादी उन्होंने मिलकर लक्खा सिंह को पैसों का लालच देकर अपनी साजिश में शामिल किया, जिसके बाद उसने बिचौलिये की भूमिका निभाते हुए रिश्ते तय करवाए और नाबालिग बच्चियों की शादी करवा दी। शिकायत और जांच के आधार पर पुलिस ने निष्कर्ष निकाला कि आरोपियों ने पैसों के लालच में नाबालिग बच्चियों की शादी रचाने की साजिश रची। दो गिरफ्तार, अन्य की तलाश इसके बाद चारों आरोपियों के खिलाफ थाना सदर में मामला दर्ज कर लिया गया है। एसएचओ सुरजीत सिंह ने बताया कि पुलिस ने हरजिंदर कौर और रेशम कौर को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की भूमिका को लेकर जांच जारी है।


