दीपावली पर्व पर चलाए जा रहे “शुद्ध आहार मिलावट पर वार” अभियान के तहत आज खाद्य विभाग की टीम ने बड़ी कार्रवाई की। टीम ने लोहावट तहसील में मुख्य सड़क पर बिना खाद्य अनुज्ञा पत्र के संचालित एक खोआ निर्माण इकाई को सीज कर दिया। यह इकाई खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम 2006 के नियमों का उल्लंघन कर रही थी। यह इकाई आमजन को विक्रय और बीकानेर मावा मंडी में बेचने के लिए खोआ का निर्माण कर रही थी। मौके से तैयार खोआ का नमूना लिया गया, जिसे जांच के लिए जन स्वास्थ्य प्रयोगशाला जोधपुर भेजा गया है। यह कार्रवाई आयुक्त, खाद्य सुरक्षा व जिला कलेक्टर के आदेशानुसार तथा सीएमएचओ फलोदी डॉ. प्रताप सिंह राठौड़ के निर्देशन में खाद्य सुरक्षा अधिकारी निर्मल कुमार महर्षि ने की। अभियान के तहत फलोदी शहर के रेलवे स्टेशन क्षेत्र में स्थित मिठाई की दुकानों और भोजनालयों का भी निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान कई अनियमितताएं पाई गईं, जिनमें विक्रेता का स्वास्थ्य प्रमाण पत्र न होना और मिठाइयों पर निर्माण व उपयोग की अवधि अंकित न होना शामिल है। नमकीन बनाने में इस्तेमाल किए गए तेल को दोबारा उपयोग न करने संबंधी नियमों का उल्लंघन भी पाया गया। इन अनियमितताओं के संबंध में नियमानुसार सुधार नोटिस जारी किए गए। इसके अतिरिक्त, मौके पर मिला 40 लीटर पुन: उपयोग किया गया तेल (रियुज्ड तेल), जिसकी टीपीसी वैल्यू सामान्य से अधिक पाई गई, उसे नष्ट करवाया गया। निगरानी के तहत अन्य नमूने भी संग्रहित किए गए। निरीक्षण के दौरान विक्रेताओं को राज्य सरकार के “निरामया राजस्थान” अभियान की अक्टूबर माह की थीम “कम तेल ज्यादा सेहत” के बारे में जागरूक किया गया। सीएमएचओ डॉ. प्रताप सिंह राठौड़ ने बताया कि त्योहारी सीजन को देखते हुए विभाग आमजन को शुद्ध खाद्य पदार्थ और मिठाइयां उपलब्ध कराने के लिए आगे भी ऐसी कार्रवाई जारी रखेगा। उन्होंने आमजन से अपील की है कि वे अपनी शिकायतें 181 या सीएमएचओ कंट्रोल रूम नंबर 02925299110 पर दर्ज कराएं।


