कर्मचारियों और अधिकारियों के फायदे, भत्ते, सुविधाएं, टीए-डीए, मेडिकल अलाउंस, इंक्रीमेंट और इंक्रीमेंट से जुड़े दंड के कौन-कौन से सर्कुलर अभी तक निकले हैं, इसकी जानकारी अब वित्त विभाग सवालों के जवाब के रूप में देने जा रहा है। यानि वित्त विभाग की साइट पर एक ऐसा चैट-बोर्ड विकसित किया गया है, जिसमें कर्मचारी या अधिकारी कोई भी सवाल डालेंगे तो उसका कस्टमाइज (जरूरत के मुताबिक अनुकूल उत्तर) जवाब तुरंत मिलेगा। इसका उपयोग वह अपने आवेदन में रिफरेंस के साथ कर सकेगा। आम जनता भी बजट या किसी सर्कुलर से संबंधित जानकारी चैट-बोर्ड के माध्यम से चाहेगी तो उसे वह भी तुरंत मिलेगा। इसके अलावा बजट एंट्री मैनेजमेंट सिस्टम (बीईएमएस) पोर्टल में डैश-बोर्ड की तमाम ताजा जानकारी भी अपडेट होगी। वित्त विभाग की वेबसाइट में हुए इस नए बदलाव को बताने के लिए पहली बैठक सोमवार को होने जा रही है। इसमें सभी विभागों के अपर सचिव, उप सचिव और अवर सचिव को बुलाया गया है। ये वो लोग हैं, जो विभागों के प्रमुख व सीनियर की सहमति के बाद बजट की डिमांड को तैयार करते हैं। वित्त विभाग के अधिकारिक सूत्रों ने स्पष्ट किया है कि नई वेबसाइट आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस से युक्त होगी। यह सर्च इंजन की तरह काम भी करेगी। इसे ऐसे डिजाइन किया है, ताकि विभाग बजट को लेकर अपनी डिमांड ऑनलाइन अपलोड भी करते हैं तो वह अपने आप सेट प्रोफार्मा में चली जाए। इस बार वित्त विभाग 2026-27 के बजट व 2027-28 व 2028-29 के रोलिंग बजट की तैयारी कर रहा है। साइट को कर्मचारियों-अधिकारियों के साथ आम जनता से जोड़ा जा रहा है। अब तेजी से होंगे विभाग के फैसले नए सिस्टम के बाद विभागों में वित्त विभाग के नियमों को समझने और उसे लागू करने में जो दिक्कतें होती थीं, वह नहीं होगी। सभी फैसले जल्द से जल्द होंगे। विभाग किसी भी नियम से जुड़ी जानकारी चैट-बोर्ड से मांगे, वह उसे फार्मेट में मिल जाएगी। वेबसाइट में नए फीचर्स भी जोड़े जा रहे हैं।


