विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान पहले ही सवाल में हुई नोकझोंक के दौरान कानून और संसदीय कार्यमंत्री जोगाराम पटेल ने सदन में गाली दे दी। जोगाराम पटेल ने नेता प्रतिपक्ष के बोलने पर उन्हें इंगित करके गाली दी। प्रश्नकाल में हुई इस घटना पर उस वक्त किसी का ध्यान नहीं गया। लंच के बाद सदन की कार्यवाही शुरू होने पर कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने इस पर कड़ी आपत्ति जताई। बाद में जोगाराम पटेल को माफी मांगनी पड़ी, तब जाकर मामला शांत हुआ। ऐसे हुआ पूरा घटनाक्रम विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान कांग्रेस विधायक चेतन पटेल के बाढ़ से फसल खराबे से जुड़े सवाल पर मंत्री ओटाराम देवासी जवाब दे रहे थे। मंत्री के जवाब पर नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने नाराजगी जाहिर की और काउंटर सवाल किए। इस दौरान नोकझोंक और हंगामा हो गया। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने मंत्री से कोटा के सांगोद में खराबे के आंकड़े देने को कहा। इस बीच कानून मंत्री जोगाराम खड़े हुए, गाली देते हुए कहा- बहुत हो गया, ऐसे ही खड़े हो जाते हैं। जोगाराम पटेल के गाली देने के बाद किसी का उस वक्त ध्यान नहीं गया। डोटासरा बोले- मंत्री ने नेता प्रतिपक्ष को गाली दी, हम गाली खाने विधानसभा नहीं आते लंच के बाद गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा- सदन चल रहा था, जब नेता प्रतिपक्ष बोल रहे थे। उस वक्त नेता प्रतिपक्ष के बोलने पर संसदीय कार्य मंत्री ने एतराज उठाया। एतराज ही नहीं बल्कि गाली दी। इससे बड़ा दुर्भाग्य कुछ हो नहीं सकता। संसदीय कार्य मंत्री ही नेता प्रतिपक्ष को गाली दें। यह सदन यूं ही चलता रहे। संसदीय कार्य मंत्री ही अगर गाली दे, उससे ज्यादा शर्मनाक और क्या हो सकता है? हम आम जनता के मुद्दों के लिए आते हैं गाली खाने के लिए यहां नहीं आते हैं । अध्यक्ष को व्यवस्था देनी चाहिए और उसके बाद सदन चले। कानून मंत्री बोले- मान मर्यादा को ठेस पहुंचाने का इरादा नहीं था, उत्तेजना में कुछ निकल गया तो डिलीट कर दीजिए संसदीय और कानून मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा- मेरा लंबे समय का विधानसभा का अनुभव रहा है। मैं स्वयं और मेरे दल के सभी साथी हमेशा पक्ष विपक्ष के अपने साथियों का मान सम्मान और आदर करते हैं। हम अपनी बात प्रभावी ढंग से रखते हैं, इसमें कोई कमी नहीं रखते हैं। किसी की मान मर्यादा को ठेस पहुंचाने का कोई इरादा नहीं रहा। सदन में असंसदीय शब्द बोलने का इरादा न कभी मन में रहा न भविष्य में रहेगा। अगर कहीं भी फ्लो में बोलते समय उत्तेजना में कोई हो जाता है, ऐसा कोई इंटेंशन नहीं था इसलिए इसको डिलीट किया जाए और कभी भविष्य में किसी सदस्य के प्रति ऐसी भावना नहीं होगी। इसके लिए कोई हो तो मैं सॉरी फील करता हूं। डोटासरा बोले- जब कहा नहीं तो डिलीट क्या करवा रहे हो इस पर डोटासरा ने पलटवार करते हुए कहा- जब इन्होंने कहा नहीं तो डिलीट क्या करवा रहे हैं? जब डिलीट करवा रहे हैं तो माफी मांगने में क्या दिक्कत है? अगर रिकॉर्ड के अंदर आया तो माफी मांगनी चाहिए। हमारे धारीवाल जी ने माफी मांगी थी, उनकी तरफ से मैंने मांगी थी आप कानून मंत्री हैं। पटेल का डोटासरा पर पलटवार, हम आपकी तरह अड़े नहीं रहते पटेल ने इस पर कहा कि ऐसा कहा नहीं है और कहा है तो हम सॉरी फील करते हैं। हम आपकी तरह अड़े नहीं रहते हैं। न उन शब्दों का प्रयोग करते हैं, जिन शब्दों का प्रयोग आपके लिए हुआ है, हम सब का मान और सम्मान करते हैं। कृपलानी ने टोकाटाकी की तो डोटासरा बोले- इनका कोटा तो आप खा गए जब डोटासरा यह मामला उठा रहे थे तब भाजपा विधायक श्रीचंद कृपलानी ने टोकाटाकी की तो स्पीकर वासुदेव देवनानी ने कहा की आपको अभी अनुमति नहीं है ,आपको भी अनुमति मिलेगी। इस पर डोटासरा ने कृपलानी पर तंज करते हुए कहा कि इनको तो अनुमति अब मिल गई, इनका कोटा तो आप खा गए। ये भी पढ़ें… डोटासरा बोले-मुख्यमंत्री जी, किरोड़ी वाला मामला तो सॉल्व करना पड़ेगा:CM केंद्र के बजट में डेढ़ घंटे पेन-डायरी लेकर बैठे, कुछ नहीं लिख पाए राजस्थान विधानसभा में राज्यपाल के अभिभाषण पर बहस के दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने ERCP और यमुना जल परियोजना को लेकर सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। (पूरी खबर पढ़ें)


