झालावाड़ में भाजपा नेता छगन माहुर ने कांग्रेस पर विकसित भारत, रोजगार एवं आजीविका मिशन ग्रामीण गारंटी अधिनियम (वीबी-जीरामजी) को लेकर कांग्रेस पर लोगों को गुमराह करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि मनरेगा की तर्ज पर अब वीबी-जीरामजी में रोजगार के दिनों को 100 से बढ़ाकर 125 किया जाएगा। छगन माहुर ने कांग्रेस संगठन पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस मजदूर, गरीब और जरूरतमंद का भला नहीं चाहती है, इसलिए वह आमजन को गलत जानकारी देकर गुमराह कर रही है। माहुर ने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकारों के समय योजनाओं में भ्रष्टाचार, फर्जी जॉब कार्ड और कमजोर निगरानी जैसी गंभीर खामियां थीं। उन्होंने बताया कि एनडीए सरकार ने बायोमेट्रिक सत्यापन, जियो-टैगिंग, सैटेलाइट इमेजरी और डिजिटल भुगतान को अनिवार्य कर पारदर्शिता सुनिश्चित की है। उन्होंने ने वीबी-जीरामजी योजना को ग्रामीण भारत के लिए एक ऐतिहासिक सुधार बताया। उन्होंने कहा कि यह अधिनियम केवल रोजगार की गारंटी तक सीमित नहीं है, बल्कि भ्रष्टाचार-मुक्त, पारदर्शी और टिकाऊ ग्रामीण विकास की मजबूत नींव रखेगा। माहुर ने जोर देकर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश तेज़ी से विकसित भारत के लक्ष्य की ओर बढ़ रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि मनरेगा की तर्ज पर अब रोजगार के दिनों को 100 से बढ़ाकर 125 किया जाएगा। ग्रामसभा गांव की आवश्यकताओं के अनुसार कार्यों का चयन करेगी, जिनमें जल संरक्षण, बुनियादी ढांचा, आजीविका संरचना और आपदा प्रबंधन जैसे कार्य शामिल होंगे। माहुर ने बताया कि सभी भुगतान सीधे लाभार्थियों के खातों में किए जाएंगे, जिससे भ्रष्टाचार पर प्रभावी अंकुश लगेगा। योजना के तहत जल संरक्षण, सिंचाई सहायता, भूजल पुनर्भरण, वनीकरण, ग्रामीण सड़कें, स्कूल-भवन, स्वच्छता, नवीकरणीय ऊर्जा, कृषि-पशुपालन, मत्स्य पालन, भंडारण और कौशल विकास जैसे कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। आपदा और मौसमी परिस्थितियों में भी रोजगार सुनिश्चित करने के लिए तटबंध, आश्रय स्थल, पुनर्वास और वनाग्नि नियंत्रण जैसे कार्य इसमें शामिल किए गए हैं।


